[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

रघुनाथपुरा में गणगौर मेला, हजारों श्रद्धालु पहुंचे:ऊंट-घोड़ी नृत्य और दौड़ प्रतियोगिताओं में ग्रामीणों ने जीते पुरस्कार


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
गुढ़ागौड़जीझुंझुनूंटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

रघुनाथपुरा में गणगौर मेला, हजारों श्रद्धालु पहुंचे:ऊंट-घोड़ी नृत्य और दौड़ प्रतियोगिताओं में ग्रामीणों ने जीते पुरस्कार

रघुनाथपुरा में गणगौर मेला, हजारों श्रद्धालु पहुंचे:ऊंट-घोड़ी नृत्य और दौड़ प्रतियोगिताओं में ग्रामीणों ने जीते पुरस्कार

रघुनाथपुरा : रघुनाथपुरा गांव में गणगौर पर्व के अवसर पर मेले का आयोजन किया गया। इस मेले में पारंपरिक कार्यक्रमों, प्रतियोगिताओं और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने ग्रामीणों व श्रद्धालुओं को आकर्षित किया। आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग मेले में पहुंचे।

मेले के दौरान युवाओं के लिए दौड़ प्रतियोगिता आयोजित की गई, जिसमें 18 वर्षीय युवकों ने भाग लिया। प्रतियोगिता में धीरज कुमावत पुत्र मूलचंद कुमावत ने प्रथम स्थान प्राप्त कर 1100 रुपए का पुरस्कार जीता। दूसरे स्थान पर कृष मीना पुत्र दिनेश मीणा रहे, जिन्हें 700 रुपए से सम्मानित किया गया। तीसरे स्थान पर शुभम पुत्र सुरेन्द्र सिंह रहे, जिन्हें 500 रुपए और मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया।

इसके अलावा, ऊंट नृत्य प्रतियोगिता भी आकर्षण का केंद्र बनी। इसमें टोडपुरा निवासी श्रीराम मीणा का ऊंट प्रथम रहा, जिन्हें 2100 रुपए का पुरस्कार दिया गया। दूसरे स्थान पर मांगीलाल जीगर और मुकेश बीलवा रहे, जिन्हें 1500 रुपए प्रदान किए गए। तीसरे स्थान पर भारमल का ऊंट रहा, जिसे 1100 रुपए देकर सम्मानित किया गया।

मेले में नृत्य करता ऊंट
मेले में नृत्य करता ऊंट

घोड़ी नृत्य प्रतियोगिता में भी प्रतिभागियों ने प्रदर्शन किया। इसमें भारमल की घोड़ी प्रथम रही, जिसे 2100 रुपए और मोमेंटो प्रदान किया गया। दूसरे स्थान पर मुकेश बीलवा और मांगीलाल की घोड़ी रही, जिन्हें 1500 रुपए दिए गए। तीसरे स्थान पर प्यारेलाल की घोड़ी रही, जिसे 1100 रुपए देकर सम्मानित किया गया। मेले में शामिल सभी पशु मालिकों को प्रोत्साहन के तौर पर 1500 रुपए किराया भी दिया गया।

मेले के दौरान करतब देखते ग्रामीण
मेले के दौरान करतब देखते ग्रामीण

पारंपरिक रीति-रिवाजों के तहत गांव में ईशर और गणगौर की सवारी निकाली गई। इसके बाद गणगौर को कुएं पर ले जाकर विधिवत पूजन कर ‘घर धमकाई’ की रस्म निभाई गई। ग्रामीणों ने चंग की थाप पर धमाल गाकर उत्सव को और भी जीवंत बना दिया। इस अवसर पर प्रशासक संजय नेहरा, पंचायत समिति सदस्य बसंत चौधरी सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। आयोजन से क्षेत्र की सांस्कृतिक परंपराओं और सामाजिक एकता को बढ़ावा मिला।

Related Articles