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झुंझुनूं SP बोले-पुलिस और समाज के बीच चर्चा जरूरी:पुलिस लाइन में ‘संवाद और सम्मान’ कार्यक्रम; जागरूक रहने की सलाह दी


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झुंझुनूं SP बोले-पुलिस और समाज के बीच चर्चा जरूरी:पुलिस लाइन में ‘संवाद और सम्मान’ कार्यक्रम; जागरूक रहने की सलाह दी

झुंझुनूं SP बोले-पुलिस और समाज के बीच चर्चा जरूरी:पुलिस लाइन में 'संवाद और सम्मान' कार्यक्रम; जागरूक रहने की सलाह दी

झुंझुनूं : झुंझुनूं SP काव्येंद्र सागर ने कहा- केवल कानूनों का होना ही काफी नहीं है, बल्कि उन कानूनों को सुरक्षा चक्र में बदलने के लिए समाज और पुलिस के बीच लगातार संवाद होना भी जरूरी है। एसपी काव्येंद्र बुधवार को रिजर्व पुलिस लाइन में आयोजित ‘संवाद और सम्मान’ कार्यक्रम में बोल रहे थे। कार्यक्रम में पुलिस, NGO के सदस्य, सामाजिक कार्यकर्ता, महिला पुलिसकर्मी और बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल हुईं।

महिला सुरक्षा शीर्ष प्राथमिकता

SP काव्येंद्र सागर ने कहा- महिला सुरक्षा हमारी प्राथमिकता के शीर्ष पर है। कानून के पास ताकत है लेकिन उसे असरदार बनाने का काम आमजन की जागरूकता करती है। हमारा उद्देश्य पुलिस और महिलाओं के बीच की दूरी को मिटाना है। ताकि हर महिला निडर होकर अपनी बात कह सके। हम एक ऐसा वातावरण तैयार कर रहे हैं जहां तकनीक और आपसी संवाद मिलकर अपराध को पनपने ही न दें। महिला सुरक्षा को लेकर झुंझुनूं पुलिस अब एक नए दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ रही है।

कार्यक्रम में मौजूद महिला पुलिसकर्मी और महिलाएं
कार्यक्रम में मौजूद महिला पुलिसकर्मी और महिलाएं

​पुलिस अधिकारियों ने महिलाओं को संकट के समय मददगार साबित होने वाले इन डिजिटल टूल्स और कानूनी प्रावधानों के बारे में जानकारी दी-

  • महिला गरिमा हेल्पलाइन (1090) और साइबर हेल्पलाइन (1930) के उपयोग की जानकारी दी।
  • राजकोप सिटिजन ऐप की कार्यप्रणाली समझाई।
  • नवीन न्याय संहिता, पोक्सो एक्ट (POCSO) और कार्यस्थल पर सुरक्षा सुनिश्चित करने वाली विशाखा गाइडलाइंस के बारे में जागरूक किया।
  • नौकरों और किरायेदारों का सत्यापन कराने को लेकर जागरूक किया।

​’प्रहरी’ बनीं महिला वॉलन्टियर्स: समाज के प्रति जिम्मेदारी

​इस कार्यक्रम ने महिला सशक्तिकरण के एक नए अध्याय की शुरुआत की है, जिसमें सुरक्षा सखी, साथिन, महिला अधिवक्ता और स्वास्थ्य कर्मी शामिल हुए। पुलिस अधीक्षक ने इन सभी को ‘सकारात्मक दूत’ बताया। कार्यक्रम के अंत में थाना स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिला वॉलन्टियर्स को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। यह सम्मान न केवल उनके प्रयासों को सराहा गया, बल्कि अन्य महिलाओं को भी समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रेरित किया।

ये रहे मौजूद

​इस संवाद कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय) देवेन्द्र सिंह राजावत, वृताधिकारी (शहर) गोपाल सिंह ढ़ाका, वृताधिकारी (ग्रामीण) हरिसिंह धायल, अम्बिका चौधरी (आरपीएस प्रोबे.) सहित जिले के गणमान्य नागरिक और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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