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आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने घेरा उपखण्ड कार्यालय, ओबीसी सर्वे का काम वापस लेने की मांग, 4 घंटे की नौकरी में रात 10 बजे तक काम, ऊपर से नया सर्वे थोपना असहनीय


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उदयपुरवाटीझुंझुनूंटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने घेरा उपखण्ड कार्यालय, ओबीसी सर्वे का काम वापस लेने की मांग, 4 घंटे की नौकरी में रात 10 बजे तक काम, ऊपर से नया सर्वे थोपना असहनीय

शासन सचिव के आदेशों का हवाला देकर जताया विरोध, उपखण्ड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन

जनमानस शेखावाटी सवांददाता : कैलाश बबेरवाल

उदयपुरवाटी : विधानसभा क्षेत्र की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने गैर-आईसीडीएस कार्यों में लगाए जाने और बढ़ते काम के बोझ के खिलाफ गुरुवार को उपखण्ड प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। उदयपुरवाटी, गुढ़ागौड़जी और चंवरा सेक्टर की बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी व आशा कार्यकर्ताओं ने उपखण्ड अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर हाल ही में जारी ओबीसी सर्वे के आदेश को तुरंत वापस लेने की मांग की है। ज्ञापन में कार्यकर्ताओं ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि नियमानुसार उन्हें सरकारी कार्य के लिए मात्र 4 घंटे का समय निर्धारित है, लेकिन जमीनी हकीकत इसके उलट है। कार्यकर्ताओं को शालापूर्व शिक्षा, ऑनलाइन खाद्य वितरण, बाल वृद्धि निगरानी, मातृवन्दना फॉर्म, ओटीपी आधारित सैनिटरी नैपकिन वितरण, आभा आईडी, अपार आईडी, टीकाकरण, होम विजिट, सर्वे और फेस कैप्चर जैसे दर्जनों कार्य ऑनलाइन करने पड़ते हैं। विभाग द्वारा दिए गए मोबाइल फोन की स्थिति इतनी खराब है कि ये ऐप ठीक से काम नहीं करते, जिससे कार्यकर्ताओं को रात 10 बजे तक काम करना पड़ रहा है। ऑनलाइन के साथ-साथ ऑफलाइन कागजी कार्रवाई का दोहरा बोझ भी उन्हीं पर है।

शासन सचिव के आदेशों की धज्जियां उड़ाने का आरोप
कार्यकर्ताओं ने निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण पदाधिकारी द्वारा 8 जुलाई 2026 को जारी आदेश का कड़ा विरोध किया, जिसके तहत उन्हें ओबीसी सर्वे का अतिरिक्त कार्य सौंपा गया है। कार्यकर्ताओं ने कहा कि महिला एवं बाल विकास विभाग के शासन सचिव द्वारा 6 जुलाई 2022 को जारी आदेश में साफ निर्देशित किया गया है कि सभी आंगनबाड़ी कार्मिकों को गैर-आईसीडीएस कार्यों में न लगाया जाए। इसके बावजूद प्रशासन द्वारा उन पर जबरन सर्वे थोपा जा रहा है, जिसे करने में वे पूरी तरह असमर्थ हैं। ज्ञापन सौंपने के दौरान विधा शर्मा, राजेश, धर्मा देवी, शर्मिला, ओम कंवर, अनीता, सुमन कंवर, पिंकी सैनी, सुमन देवी, संतोष, शान्ति, मीरा, शिमला, सुनिता, मीना, सुभिता शर्मा, सुप्यार मीणा, सन्तरा, रेखा देवी, माया, ओमा देवी, गुलाब, सुप्रिया, गायत्री शर्मा, नीलम शर्मा, सरोज, गीता, रतनादेवी, जानकी देवी, कैलाशी, मूली देवी, पुष्पा सैनी, विमलेश सैनी, सजनादेवी, बिमला, सुमिता, कमला, प्रेम देवी, आशा पारीक सहित उदयपुरवाटी परियोजना क्षेत्र की दर्जनों कार्यकर्ता व आशा सहयोगिनियां उपस्थित थीं। कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि यह अतिरिक्त कार्य नहीं हटाया गया तो वे आंदोलन को मजबूर होंगी।

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