[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

पाटन में विश्व पृथ्वी दिवस मनाया:पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया, प्रतियोगिताओं का भी आयोजन


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
टॉप न्यूज़नीमकाथानाराजस्थानराज्यसीकर

पाटन में विश्व पृथ्वी दिवस मनाया:पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया, प्रतियोगिताओं का भी आयोजन

पाटन में विश्व पृथ्वी दिवस मनाया:पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया, प्रतियोगिताओं का भी आयोजन

पाटन : पाटन कस्बे के श्रीमती जमुना देवी पांडे राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में बुधवार को विश्व पृथ्वी दिवस मनाया गया। इस कार्यक्रम का आयोजन राजस्थान राज्य भारत स्काउट गाइड के समस्त गाइड्स एवं कब सेक्शन द्वारा किया गया। अतिरिक्त ब्लॉक शिक्षा अधिकारी महेश मीणा कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे।

विद्यालय के प्रधानाचार्य कैलाश चंद्र ने वर्तमान समय में पृथ्वी पर उपलब्ध संसाधनों के संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम की मुख्य वक्ता और गाइड प्रभारी सरिता यादव ने बताया कि पृथ्वी दिवस हमें यह सोचने का अवसर देता है कि जिस पृथ्वी ने हमें जीवन दिया, क्या हम उसके प्रति उतने ही संवेदनशील और उत्तरदायी हैं।

परिंडे लगाकर पानी डाला गया।
परिंडे लगाकर पानी डाला गया।

ग्लोबल वार्मिंग की दी जानकारी

उन्होंने आधुनिकता और उपभोग की प्रवृत्ति के कारण पृथ्वी को हो रहे गहरे खतरों पर प्रकाश डाला। सरिता यादव ने बताया कि असमय जलवायु परिवर्तन, ग्लोबल वार्मिंग, पृथ्वी का बढ़ता तापमान, गांवों के सूखते खेत, पहाड़ों पर बर्फ का पिघलना और समुद्र का बढ़ता जल स्तर इसी परिवर्तन के परिणाम हैं।

इन गंभीर परिस्थितियों के समाधान के लिए सोच में परिवर्तन लाने की आवश्यकता है। उन्होंने सतत विकास और संसाधन संरक्षण के माध्यम से बदलाव लाने का आह्वान किया। यह भी कहा गया कि सरकारी प्रयास और नीतियां तभी प्रभावी होंगी जब देश का आम नागरिक पर्यावरण संरक्षण का हिस्सा बनेगा और इसे अपनी जीवन शैली में शामिल करेगा।

पोस्टर, मटका पेटिंग प्रतियोगिता हुई

इस अवसर पर विद्यालय में विभिन्न प्रतियोगिताओं और कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इनमें पोस्टर प्रतियोगिता, मटका पेंटिंग प्रतियोगिता, परिंडा लगाना, रैली निकालना, बेजुबान मछलियों को आटे की गोलियां खिलाना, सामुदायिक स्वच्छता और प्लास्टिक मुक्त पाटन अभियान शामिल थे।

कार्यक्रम का संचालन कब मास्टर ओमप्रकाश ने किया। इस आयोजन में डॉ. ज्ञानचंद गुर्जर, महावीर प्रसाद वर्मा, शिव कुमार सैनी, दीपिका योगी, राजपाल यादव, विवेक टेलर और सरिता यादव ने सहयोग किया।

Related Articles