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परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने किया निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण, अगले सत्र से शुरू हो जाएगा शिक्षण कार्य, आरयूएचएस ने दी 100 सीटों की सहमति : ओला


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परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने किया निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण, अगले सत्र से शुरू हो जाएगा शिक्षण कार्य, आरयूएचएस ने दी 100 सीटों की सहमति : ओला

परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने किया निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण, अगले सत्र से शुरू हो जाएगा शिक्षण कार्य, आरयूएचएस ने दी 100 सीटों की सहमति : ओला

झुंझुनूं : परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने रविवार को समसपुर में निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज के कार्यों का निरीक्षण किया। साथ ही सभी मजदूरों से मिलकर उन्हें विश्वकर्मा जयंती की बधाई दी। इस मौके पर ओला के साथ झुंझुनूं पंचायत समिति की प्रधान पुष्पा चाहर, बीसूका उपाध्यक्ष खलील बुडाना, ओमप्रकाश बोहरा, गिडानिया सुमेर सिंह पीटीआई, मोहरसिंह सोलाना समेत अन्य जनप्रतिनिधि थे। इस मौके पर ओला ने कहा कि झुंझुनूं की मेडिकल कॉलेज का सपना साकार हो रहा है। अगले सत्र, यानि कि 2024-25 से झुंझुनूं का मेडिकल कॉलेज शुरू हो जाएगा। हाल ही में झुंझुनूं की मेडिकल कॉलेज के लिए 100 सीटों की सहमति आरयूएचएस ने दे दी है। जिसके बाद नेशनल मेडिकल कौंसिल को भी पत्र लिखकर 100 सीटों की सहमति मांगी गई है। जो भी जल्द ही मिल जाएगी। उन्होंने कहा कि यह मेडिकल कॉलेज किन्हीं कारणों से डेढ़ साल देरी से बन रहा है। वरना पिछले दिनों जिन मेडिकल कॉलेजों का लोकार्पण हुआ है। उनमें झुंझुनूं का भी नाम होता और अब तक पहला बैच शुरू भी हो जाता।

लेकिन देर आए दुरूस्त आए। काफी तेज गति से काम हो रहा है। अप्रेल 2024 में पहले चरण का काम पूरा होना है। उन्होंने कांट्रेक्टर से आग्रह किया कि वे दिसंबर तक इस ​पहले चरण का काम पूरा करें। इससे पहले निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज स्थल पर पहुंचने पर बीडीके अस्पताल के पीएमओ डॉ. कमलेश झाझड़िया तथा प्रोजेक्ट डायरेक्टर राकेश कुमार ने मंत्री व अन्य अतिथियों का स्वागत किया। सभी अतिथियों ने अपने कर कमलों से मेडिकल कॉलेज में पौधारोपण भी किया। पीएमओ डॉ. कमलेश झाझड़िया ने परिवहन मंत्री ओला को प्रथम चरण की प्रगति को बताया। साथ ही सभी साइट्स का निरीक्षण किया।

इस मौके पर ओला ने डॉ. झाझड़िया और उनकी टीम की प्रशंसा की और कहा पीएमओ डॉ. झाझड़िया के कुशल नेतृत्व से अब तक के हुए कार्यों से यही लगता है कि अब डॉ. झाझड़िया व उनकी पूरी टीम का यह संकल्प है कि जल्द से जल्द मेडिकल कॉलेज शुरू हो। इस मौके पर हुए कार्यक्रम में डॉ. कैलाश राहड़, डॉ. पीएल भालोठिया, डॉ. नयन झाझड़िया, डॉ. इकराज अहमद, डॉ. सुरेश मील, डॉ. संजय खीचड़, नर्सिंग स्टाफ संजीव झाझड़िया, मेडिकल कॉलेज प्रोजेक्ट आफिसर सीमा मरोड़िया, बीडीके अस्पताल की प्रोजेक्ट आफिसर रविता पूनियां, कांट्रेक्टर अरविंद, कृषि विभाग से शीशराम झाझड़िया आदि मौजूद थे। मंच संचालन डॉ. संदीप नेमीवाल ने किया।

विश्वकर्मा जयंती की दी बधाई, कहा-सभी मजदूरों का करेंगे सम्मान
इस मौके पर परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने सभी मजदूरों को विश्वकर्मा जयंती की बधाई दी। साथ ही कहा कि मेडिकल कॉलेज का निर्माण पूरा हो जाएगा। तो वे और समाज के सभी प्रबुद्धजन मिलकर सभी निर्माणकर्ता मजदूरों का सम्मान करेंगे। क्योंकि हजारों मजदूरों का इस मेडिकल कॉलेज के निर्माण में खून-पसीना बहा है। जिनका सम्मान करना जरूरी है।

पहले चरण में एकेडमिक ब्लॉक का काम पूरा होगा
इस मौके पर पीएमओ डॉ. कमलेश झाझड़िया ने बताया कि पहले चरण में एकेडमिक ब्लॉक, बॉयज और गर्ल्स हॉस्टल और मैस के अलावा नॉन टिचिंग, टिचिंग स्टाफ व प्रिंसिपल क्वाटर का निर्माण पूरा होगा। लगभग सभी का निर्माण कार्य अप्रेल से पहले पहले हो जाएगा। इनमें से काफी सारे काम तो 80 से 90 प्रतिशत तक पूरे हो चुके है। उन्होंने बताया कि गुणवत्ता का भी विशेष ध्यान रखा जा रहा है। अब तक अलग-अलग जांच एजेंसियों द्वारा निर्माण की गुणवत्ता का जांच विभिन्न लैब्स में जांचा गया है। जो सभी उच्च गुणवत्ता के मिले है।

ट्रोमा यूनिट के साथ ट्रेनिंग सेंटर भी हुआ अप्रुव्ल
इस मौके पर परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने बताया कि बीडीके अस्पताल में संभाग मुख्यालयों पर स्थापित ट्रोमा सेंटर के समकक्ष ट्रोमा केयर यूनिट की स्वीकृति दी गई है। जिसका काम भी इसी महीने के अंत तक शुरू हो जाएगा। उन्होंने बताया कि हाल ही में प्रस्तावित ट्रोमा केयर सेंटर को ट्रेनिंग सेंटर के रूप में भी अधिकृत करवा दिया गया है। अब तक हादसों में घायलों की मदद के लिए ट्रेनिंग जयपुर और जोधपुर में दी जाती थी। वो सात मेडिकल कॉलेजों के लिए और स्वीकृत की गई थी। जिसमें आठवां मेडिकल कॉलेज झुंझुनूं शामिल करवाया गया है। उन्होंने कहा कि जल्द ही इसका स्वीकृति पत्र पीएमओ डॉ. कमलेश झाझड़िया को भिजवा दिया जाएगा। जिसके बाद बीडीके अस्पताल में प्रस्तावित ट्रोमा केयर यूनिट में बेसिक लाइफ सपोर्ट, एडवांस लाइफ सपोर्ट की ट्रेनिंग भी दी जा सकेगी। जिसकी ट्रेनिंग ना केवल चिकित्सकों और चिकित्साकर्मियों को, बल्कि टीचर्स, पुलिसकर्मी, मीडियाकर्मी और आमजन को भी दी जाएगी। ताकि वे हादसे के समय तुरंत घायलों की मदद के लिए प्रशिक्षित हो।

प्रदेश का पहला मेडिकल अस्पताल, जिसमें अंडरग्राउंड पार्किंग होगी
इस मौके पर परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने बताया कि अब तक प्रदेश में मेडिकल कॉलेज के संबद्ध अस्पताल बने है। उनमें किसी भी में अंडर ग्राउंड पर्किंग नहीं है। लेकिन झुंझुनूं के पीडी राकेश कुमार तथा पीएमओ डॉ. कमलेश झाझड़िया की सोच के कारण झुंझुनूं में 85 करोड़ की लागत से बन रहे 270 बैड के अस्पताल में अंडर ग्राउंड पार्किंग भी स्वीकृत करवाई गई है। पहले तो दो-तीन की वार्ताओं में सरकार ने अंडर ग्राउंड के प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया था। लेकिन फिर वे खुद इस मामले में मंत्री से मिले और सरकार से निवेदन किया। तो वो स्वीकार किया गया। 270 बैड के अस्पताल बनने के बाद ना केवल चिकित्सकों बल्कि मरीजों और उनके साथ आने वाले परिजनों को काफी सुविधाएं मिलेगी।

फोर लेन सड़क बनेगी, गजट नोटिफिकेशन जल्द
इस मौके पर परिवहन मंत्री बृजेंद्र ओला ने कहा कि मेडिकल कॉलेज तथा नर्सिंग कॉलेज तक जाने वाली सड़क को फोर लेन बनाया जाएगा। इसके लिए गजट नोटिफिकेशन दो-तीन दिन में निकलने वाला है। जमीन अधिग्रहण के लिए तीन बार नोटिस देना पड़ता है। इसलिए पहला नोटिस जारी होने वाला है। इसके बाद दो और नोटिस जारी किए जाएंगे। तदुपरांत जमीन अधिग्रहण कर फोर लेन सड़क बनाई जाएगी। ताकि मेडिकल कॉलेज के साथ-साथ नर्सिंग कॉलेज एवं भविष्य में प्रस्तावित अन्य मेडिकल संस्थाओं तक अप्रोच सड़कें एक नंबर की बनें। उन्होंने कहा कि समसपुर आने वाले दिनों का मेडिकल हब है।

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