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अजय पीरामल ने झुंझुनूं की शिक्षा व्यवस्था और एनईपी-2020 के क्रियान्वयन की समीक्षा की


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अजय पीरामल ने झुंझुनूं की शिक्षा व्यवस्था और एनईपी-2020 के क्रियान्वयन की समीक्षा की

अजय पीरामल ने झुंझुनूं की शिक्षा व्यवस्था और एनईपी-2020 के क्रियान्वयन की समीक्षा की

झुंझुनूं : जिले के मूल निवासी एवं उद्योगपति अजय पीरामल ने मंगलवार को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) पहुंचकर शिक्षा अधिकारियों, शिक्षकों एवं पीरामल फाउंडेशन की टीम के साथ संवाद किया। करीब सवा घंटे चले संवाद में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के क्रियान्वयन, विद्यालयों में किए जा रहे नवाचारों और शिक्षा व्यवस्था में आए बदलावों की समीक्षा की गई।

अजय पीरामल ने डाइट परिसर में विकसित 21वीं सदी की दक्षताओं पर आधारित संसाधन एवं कल्याण केंद्र का अवलोकन किया और शिक्षा विभाग व पीरामल फाउंडेशन के संयुक्त प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि झुंझुनूं में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य हो रहे हैं। एनईपी-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए किए जा रहे प्रयासों को और मजबूत करने की आवश्यकता है। उन्होंने विश्वास जताया कि जिले के नवाचार भविष्य में राजस्थान सहित अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणा बनेंगे।

2500 शिक्षकों को प्रशिक्षण देने की योजना

डाइट प्राचार्य सुमित्रा झाझड़िया ने बताया कि संस्थान में पिछले डेढ़ वर्ष से एनईपी-2020 की अवधारणाओं के अनुरूप संसाधन एवं कल्याण केंद्र के रूप में कार्य किया जा रहा है। पीरामल फाउंडेशन के सहयोग से शिक्षकों के क्षमता विकास, विद्यार्थियों के कौशल विकास तथा मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य पर काम किया जा रहा है। गत वर्ष करीब 2500 शिक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया था और वर्तमान सत्र में भी करीब 2500 शिक्षकों को प्रशिक्षण देने की योजना है।

उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के बाद विद्यालयों में जाकर यह भी देखा जाता है कि शिक्षक प्रशिक्षण में सीखे ज्ञान एवं कौशल का कक्षा-कक्ष में प्रभावी उपयोग कर रहे हैं या नहीं। हालांकि, विद्यालय छोड़ने वाले विद्यार्थियों और प्रवासी श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा अब भी चुनौती बनी हुई है।

डाइट के नवाचारों की भी ली जानकारी

प्रभागाध्यक्ष प्रमेन्द्र कुल्हार ने बताया कि अजय पीरामल ने शिक्षा विभाग और पीरामल फाउंडेशन के संयुक्त प्रयासों की जमीनी स्थिति की जानकारी ली। डाइट में 21वीं सदी के कौशलों पर आधारित संसाधन एवं कल्याण केंद्र, बाल संसद पुस्तिका, ‘गागर में सागर’ पहल के माध्यम से प्रभावी प्रार्थना सभा तथा ‘हम होंगे कामयाब’ प्रेरक संगोष्ठी जैसे नवाचार संचालित किए जा रहे हैं।

डाइट परिसर पहुंचने पर प्राचार्य सुमित्रा झाझड़िया, जिला शिक्षा अधिकारी राजेंद्र खीचड़, अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी राजेश हलवान सहित अधिकारियों ने अजय पीरामल का स्वागत किया। इस अवसर पर ओसवाल समूह के उद्योगपति रामदेव अग्रवाल एवं सुनीता अग्रवाल सहित शिक्षा विभाग, डाइट और पीरामल फाउंडेशन की टीम मौजूद रही।

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