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ऑपरेशन के बाद विवाहिता की मौत, हॉस्पिटल के बाहर हंगामा:परिजन बोले-डॉक्टर ने लापरवाही की, पुलिस कार्रवाई के बजाय धमका रही


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ऑपरेशन के बाद विवाहिता की मौत, हॉस्पिटल के बाहर हंगामा:परिजन बोले-डॉक्टर ने लापरवाही की, पुलिस कार्रवाई के बजाय धमका रही

ऑपरेशन के बाद विवाहिता की मौत, हॉस्पिटल के बाहर हंगामा:परिजन बोले-डॉक्टर ने लापरवाही की, पुलिस कार्रवाई के बजाय धमका रही

झुंझुनूं : झुंझुनूं शहर के रोड नंबर 2-3 स्थित एपेक्स स्काई लाइन अस्पताल में ऑपरेशन के बाद 21 साल विवाहिता की मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टर समीता सोनी पर इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। घटना के बाद अस्पताल के बाहर हंगामा हो गया। परिजनों ने कोतवाली थाने में डॉक्टर के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग की।

उनका आरोप है कि पुलिस ने कार्रवाई करने के बजाय उन्हें ही धमकाया। फिलहाल परिजन कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं। इस बीच DSP गोपाल सिंह ढाका मौके पर पहुंचे और अस्पताल प्रशासन व परिजनों के बीच वार्ता करवाई, लेकिन कोई सहमति नहीं बन सकी। मृतका के पति योगेश ने कोतवाली थाने में रिपोर्ट दी है।

गर्भाशय की गांठ के ऑपरेशन के लिए भर्ती कराया था

मृतका के जेठ लोकेश ने बताया कि उनकी छोटी बहू सुख दिव्या (21) पत्नी योगेश कुमार, निवासी माकड़ो, को गर्भाशय में छोटी गांठ के इलाज के लिए 4 जुलाई को एपेक्स स्काई लाइन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। डॉक्टर समीता सोनी ने ऑपरेशन की सलाह दी। भर्ती के बाद मरीज को ग्लूकोज चढ़ाया गया और खाना-पीना बंद कर दिया गया।

ऑपरेशन के दौरान बार-बार मंगवाया ब्लड और प्लाज्मा

लोकेश के अनुसार, 5 जुलाई को दोपहर 2 बजे डॉक्टर समीता सोनी ने सर्जरी की। ऑपरेशन के दौरान परिजनों से बार-बार ब्लड और प्लाज्मा मंगवाया गया। दोपहर 3:30 बजे ऑपरेशन के बाद मरीज को बाहर लाया गया, लेकिन इसके बाद भी दोबारा ब्लड की जरूरत बताई गई। अस्पताल ने कुल 4 यूनिट ब्लड और 2 यूनिट प्लाज्मा मंगवाए।

शाम को छुट्टी का भरोसा, रात में बिगड़ी तबीयत

परिजनों का कहना है कि शाम 7 बजे अस्पताल स्टाफ ने भरोसा दिया कि मरीज को शिफ्ट कर दिया जाएगा और सुबह छुट्टी मिल जाएगी। लेकिन रात करीब 8:45 बजे जब परिजन मरीज को देखने पहुंचे तो वहां कोई स्टाफ मौजूद नहीं था और मरीज के मुंह से झाग निकल रहे थे। रात 9:45 बजे बार-बार बुलाने पर डॉक्टर पहुंचे। जांच के बाद बताया गया कि मरीज के फेफड़ों में पानी भर गया है और उसे जयपुर रेफर किया जा रहा है।

एम्बुलेंस में देरी, जयपुर पहुंचते ही हुई मौत

परिजनों का आरोप है कि रात करीब 10:30 बजे तक अस्पताल की एम्बुलेंस नहीं पहुंची। मजबूरी में उन्हें खेतान अस्पताल से दूसरी एम्बुलेंस बुलानी पड़ी। जयपुर पहुंचने पर महिला ने दम तोड़ दिया। परिजनों का दावा है कि जयपुर के डॉक्टरों ने अत्यधिक ब्लीडिंग को मौत का कारण बताया।

डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप, FIR तक पोस्टमॉर्टम नहीं

मृतका के जेठ लोकेश ने आरोप लगाया – ऑपरेशन करने वाली डॉक्टर समीता सोनी सर्जरी के बाद मरीज को देखने तक नहीं आईं। उनका कहना है कि मरीज को जयपुर रेफर किए जाने तक डॉक्टर अस्पताल में मौजूद नहीं थीं। परिजनों का आरोप है कि ब्लीडिंग रोकने में लापरवाही और इलाज में देरी के कारण उनकी बहू की मौत हुई। उन्होंने स्पष्ट किया है कि जब तक डॉक्टर समीता सोनी के खिलाफ FIR दर्ज कर गिरफ्तारी नहीं की जाएगी, तब तक वे शव का पोस्टमॉर्टम नहीं करवाएंगे। मामले में अब तक अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

देखें… घटनाक्रम से जुड़ी तस्वीरें

एपेक्स स्काई लाइन अस्पताल के बाहर मृतका के परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ जुटी, कार्रवाई की मांग को लेकर किया प्रदर्शन।
एपेक्स स्काई लाइन अस्पताल के बाहर मृतका के परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ जुटी, कार्रवाई की मांग को लेकर किया प्रदर्शन।
महिला की मौत के बाद अस्पताल के बाहर बैठे परिजन। कोतवाल श्रवण कुमार ने समझाइश की, लेकिन परिजन निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे।
महिला की मौत के बाद अस्पताल के बाहर बैठे परिजन। कोतवाल श्रवण कुमार ने समझाइश की, लेकिन परिजन निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे।
हालात को देखते हुए डीएसपी गोपाल सिंह ढाका भी एपेक्स स्काई लाइन अस्पताल पहुंचे और परिजनों से बातचीत कर मामले को शांत कराने का प्रयास किया।
हालात को देखते हुए डीएसपी गोपाल सिंह ढाका भी एपेक्स स्काई लाइन अस्पताल पहुंचे और परिजनों से बातचीत कर मामले को शांत कराने का प्रयास किया।
परिजनों ने मृतका की मौत की सारी जिम्मेदारी अस्पताल प्रशासन पर लगाई।
परिजनों ने मृतका की मौत की सारी जिम्मेदारी अस्पताल प्रशासन पर लगाई।

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