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अलसीसर के मरोदिया तालाब पर वंदे गंगा अभियान: जल संरक्षण का लिया संकल्प, शेखावाटी को जल्द मिलेगा यमुना जल


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अलसीसर के मरोदिया तालाब पर वंदे गंगा अभियान: जल संरक्षण का लिया संकल्प, शेखावाटी को जल्द मिलेगा यमुना जल

अलसीसर के मरोदिया तालाब पर वंदे गंगा अभियान: जल संरक्षण का लिया संकल्प, शेखावाटी को जल्द मिलेगा यमुना जल

जनमानस शेखावाटी सवांददाता : चंद्रकांत बंका

झुंझुनूं : जिले में चल रहे ‘वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान’ के तहत मंगलवार को अलसीसर के ऐतिहासिक मरोदिया तालाब पर जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जल संरक्षण, पर्यावरण बचाने और जनभागीदारी को बढ़ावा देने के लिए कलश यात्रा, पीपल पूजन, सरोवर पूजन और श्रमदान जैसे आयोजन हुए।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री व जिला प्रभारी मंत्री अविनाश गहलोत ने कहा कि शेखावाटी क्षेत्र को यमुना का पानी उपलब्ध कराने के लिए सरकार गंभीरता से कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि हरियाणा सरकार के साथ एमओयू हो चुका है तथा योजना के लिए करीब 32 हजार करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। योजना पूरी होने पर सीकर, चूरू और झुंझुनूं जिले को पेयजल आपूर्ति का लाभ मिलेगा।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि वंदे गंगा अभियान के तहत 19 विभाग मिलकर जल संरक्षण, पौधारोपण, जल स्रोतों की सफाई और जनजागरूकता के कार्य कर रहे हैं। उन्होंने आमजन से घरों में कुंड बनाकर वर्षा जल संरक्षण करने और पानी के विवेकपूर्ण उपयोग की अपील की।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए निवर्तमान जिला प्रमुख हर्षिनी कुल्हरी ने कहा कि “जल है तो जीवन है, जल है तो कल है।” उन्होंने लोगों से पानी की प्रत्येक बूंद बचाने और वर्षा जल संरक्षण अपनाने का आह्वान किया।

पूर्व सांसद नरेंद्र खीचड़ ने कहा कि हमारे पूर्वज पारंपरिक जल स्रोतों के माध्यम से पानी का बेहतर प्रबंधन करते थे, जिन्हें आज फिर अपनाने की जरूरत है। वहीं सीईओ पुरुषोत्तम धानका ने अभियान की जानकारी देते हुए कहा कि समाज की भागीदारी के बिना जल संरक्षण संभव नहीं है।

इस दौरान “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत पौधारोपण किया गया तथा वन विभाग की ओर से ग्रामीणों को पौधे वितरित किए गए। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और ग्रामीण मौजूद रहे।

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