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नंगली सलेदी सिंह में विराट हिंदू सम्मेलन: शिक्षा के साथ संस्कारों से ही सशक्त कुटुंब और राष्ट्र का निर्माण – पंडित सज्जन शास्त्री


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नंगली सलेदी सिंह में विराट हिंदू सम्मेलन: शिक्षा के साथ संस्कारों से ही सशक्त कुटुंब और राष्ट्र का निर्माण – पंडित सज्जन शास्त्री

नंगली सलेदी सिंह में विराट हिंदू सम्मेलन: शिक्षा के साथ संस्कारों से ही सशक्त कुटुंब और राष्ट्र का निर्माण - पंडित सज्जन शास्त्री

जनमानस शेखावाटी संवाददाता : विजेन्द्र शर्मा

खेतड़ी : उपखंड क्षेत्र के नंगली सलेदी सिंह गांव स्थित गोपीनाथ केशव गोशाला में विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह सम्मेलन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ पंडित सज्जन शास्त्री के सान्निध्य में महायज्ञ से हुआ, जिसमें 13 जोड़ों ने विधिवत आहुतियां दीं।

सम्मेलन को संबोधित करते हुए जयपुर प्रांत विकास प्रचारक सतीश ने कुटुंब के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि कुटुंब केवल समाज की पहली इकाई नहीं, बल्कि व्यक्ति के चरित्र निर्माण की आधारशिला है। परिवार से मिलने वाला अनुशासन, समयबद्धता और कर्तव्यबोध ही व्यक्ति को समाज और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदार बनाता है। उन्होंने कहा कि यदि कुटुंब में संवाद और आपसी विश्वास बना रहे तो सामाजिक विघटन की समस्याएं स्वतः समाप्त हो जाती हैं।

वृंदावन से पधारी संत एवं प्रखर प्रवक्ता हरिप्रिया जसरापुरिया ने कुटुंब को सनातन संस्कृति का जीवंत स्वरूप बताया। उन्होंने कहा कि बच्चों में संस्कार केवल उपदेशों से नहीं, बल्कि माता-पिता के आचरण से विकसित होते हैं। नारी की भूमिका पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि नारी ही कुटुंब की संस्कार वाहक है, जो पीढ़ियों तक संस्कृति को सुरक्षित रखती है। उनके अनुसार सशक्त नारी से ही सशक्त कुटुंब और सशक्त राष्ट्र का निर्माण संभव है।

पंडित सज्जन शास्त्री ने अपने संबोधन में कहा कि कुटुंब वह स्थान है जहां व्यक्ति को संयम, सेवा और त्याग का पहला पाठ मिलता है। उन्होंने युवाओं से परिवार के साथ जुड़ाव बनाए रखने का आह्वान करते हुए कहा कि इससे नशा, हिंसा और अन्य कुरीतियों से बचा जा सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा के साथ-साथ संस्कारों का होना भी उतना ही आवश्यक है।

विभाग संघ चालक मुकेश एवं अशोक सिंह शेखावत ने बदलते समय में संयुक्त परिवार की भावना के कमजोर होने पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आपसी सहयोग, बड़ों के सम्मान और पारिवारिक एकता से ही इस चुनौती का सामना किया जा सकता है।कार्यक्रम का संचालन योगेन्द्र सिंह शेखावत ने किया।

इस अवसर पर राधे केजरीवाल, फतेह सिंह शेखावत, कुलदीप सिंह,बबलू सिराधना, हनुमान सिंह, गणपत सिंह तंवर, रणजीत सिंह, कुलदीप शर्मा, श्रीनिवास, हिमांशी केजरीवाल, भंवर कंवर, संतोष कंवर, दीपिका कंवर, अंजू देवी, गुड्डी कंवर, सुरेश कंवर, सुनीता देवी, अमर सिंह शेखावत, भोपेन्द्र सिंह शेखावत, प्रधानाचार्य सोनाराम चौधरी, रविंद्र शर्मा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

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