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विकलांगता पेंशन पर टैक्स का प्रस्ताव वापस लेने की मांग, सांसद बृजेन्द्र सिंह ओला ने वित्त मंत्री को लिखा पत्र


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विकलांगता पेंशन पर टैक्स का प्रस्ताव वापस लेने की मांग, सांसद बृजेन्द्र सिंह ओला ने वित्त मंत्री को लिखा पत्र

विकलांगता पेंशन पर टैक्स का प्रस्ताव वापस लेने की मांग, सांसद बृजेन्द्र सिंह ओला ने वित्त मंत्री को लिखा पत्र

झुंझुनूं : झुंझुनूं लोकसभा क्षेत्र के सांसद बृजेन्द्र सिंह ओला ने केंद्र सरकार के बजट 2026 में प्रस्तावित उस संशोधन पर कड़ी आपत्ति जताई है, जिसमें सशस्त्र बलों के सेवानिवृत्त कर्मियों को मिलने वाली विकलांगता पेंशन (वॉर इंजरी पेंशन) को आयकर के दायरे में लाने का प्रस्ताव किया गया है। उन्होंने इस निर्णय को पूर्व सैनिकों के सम्मान और मनोबल के खिलाफ बताते हुए इसे तुरंत वापस लेने की मांग की है।

सांसद ओला ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को पत्र लिखकर कहा कि वर्षों से विकलांगता पेंशन को आयकर से मुक्त रखा गया है, क्योंकि यह उन सैनिकों के त्याग और बलिदान का सम्मान है जो देश की रक्षा करते हुए युद्ध या ड्यूटी के दौरान घायल हुए हैं। ऐसे में इस पेंशन को कर के दायरे में लाने का प्रस्ताव सैनिकों और उनके परिवारों की भावनाओं को आहत करने वाला है।

उन्होंने अपने पत्र में उल्लेख किया कि बजट 2026 के पैरा 108 में विकलांगता पेंशन को आयकर के दायरे में लाने का संकेत दिया गया है। ओला ने कहा कि इस प्रस्ताव से पूर्व सैनिकों के बीच चिंता का माहौल है और इससे सेना में सेवा दे रहे जवानों के मनोबल पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।

सांसद ओला ने बताया कि झुंझुनूं क्षेत्र देशभर में सबसे अधिक संख्या में सेना में सेवा देने वाले सैनिकों और पूर्व सैनिकों के लिए जाना जाता है। यहां हजारों परिवार ऐसे हैं जिनके सदस्य सेना में सेवा दे चुके हैं या दे रहे हैं। ऐसे में इस प्रस्ताव को लेकर क्षेत्र के सैनिकों और पूर्व सैनिकों में भारी नाराजगी और चिंता है।

उन्होंने कहा कि देश की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले तथा युद्ध में घायल होकर जीवनभर विकलांगता झेलने वाले सैनिकों की पेंशन पर कर लगाना न्यायसंगत नहीं है। सरकार को इस निर्णय पर पुनर्विचार करते हुए प्रस्तावित संशोधन को तुरंत वापस लेना चाहिए।

ओला ने वित्त मंत्री से आग्रह किया कि वित्त विधेयक 2026 की अनुसूची-III में प्रस्तावित इस संशोधन को निरस्त किया जाए, ताकि पूर्व सैनिकों की विकलांगता पेंशन पहले की तरह आयकर से मुक्त बनी रहे और सैनिकों का सम्मान कायम रह सके। उन्होंने कहा कि सैनिकों का सम्मान और उनका मनोबल देश की सुरक्षा से सीधे जुड़ा है, इसलिए सरकार को इस विषय में संवेदनशीलता दिखाते हुए पूर्व सैनिकों की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए।

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