[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

जिला कलेक्टर ने नानी बीड़ क्षेत्र में जलभराव, सीवरेज एवं वेस्ट प्रबंधन व्यवस्थाओं का किया संयुक्त निरीक्षण


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
टॉप न्यूज़राजस्थानराज्यसीकर

जिला कलेक्टर ने नानी बीड़ क्षेत्र में जलभराव, सीवरेज एवं वेस्ट प्रबंधन व्यवस्थाओं का किया संयुक्त निरीक्षण

जिला कलेक्टर ने नानी बीड़ क्षेत्र में जलभराव, सीवरेज एवं वेस्ट प्रबंधन व्यवस्थाओं का किया संयुक्त निरीक्षण

सीकर : जिला कलेक्टर आशीष मोदी ने सोमवार को वन विभाग, राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल एवं नगर परिषद सीकर की संयुक्त टीम द्वारा नानी बीड़, सीकर-सालासर रोड स्थित नगर परिषद की वेट वेस्ट टू मैन्योर निर्माण इकाई का निरीक्षण किया गया।

वर्षा ऋतु से पूर्व जलभराव समस्या के समाधान पर जोर:

निरीक्षण के दौरान आगामी वर्षा ऋतु को दृष्टिगत रखते हुए सीकर शहर के सीवरेज जल के कारण सालासर रोड पर होने वाली जलभराव की समस्या का मौके पर जाकर अवलोकन किया गया तथा संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा की गई।

संयुक्त टीम द्वारा नानी बीड़ क्षेत्र में विकसित किए जा रहे इकोलॉजी पार्क एवं बर्ड विहार का भी निरीक्षण किया गया। इस दौरान क्षेत्र में आने वाले पानी के उचित निस्तारण एवं शहर से बाहर व्यवस्थित डिस्पोजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

उपचारित जल ही रिलीज करने के निर्देश:

निरीक्षण के दौरान एसटीपी प्लांट्स को निर्धारित मानकों एवं समस्त अनुपालनों के अनुरूप संचालित करते हुए उपचारित जल को ही रिलीज किए जाने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही नानी बीड़ क्षेत्र में सेकेंडरी ट्रीटेड वॉटर को शहर के वेस्ट के साथ मिश्रित कर छोड़ने के बजाय शीघ्रातिशीघ्र किसानों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।

लेगेसी वेस्ट प्रबंधन एवं पौधारोपण कार्य में तेजी लाने के निर्देश:

नगर क्षेत्र में स्थित लेगेसी वेस्ट के पृथक्करण एवं बायोमाइनिंग कार्य में तेजी लाने, वर्षा ऋतु में जलभराव वाले बंधों पर पौधारोपण करने तथा वेट एवं ड्राई वेस्ट के पृथक्करण की क्षमता बढ़ाने के निर्देश भी दिए गए।

शहर के सीवरेज जल में डाइंग यूनिट्स द्वारा छोड़े जा रहे अपशिष्ट जल के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने तथा शहर से आने वाले अपशिष्ट जल के संग्रहण के लिए वैकल्पिक स्थान चिन्हित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।

कोकोपीट एवं जैविक खाद उत्पादन बढ़ाने पर जोर:

इसके अतिरिक्त वेट वेस्ट से कोकोपीट एवं जैविक खाद निर्माण इकाई का निरीक्षण करते हुए उत्पादन क्षमता बढ़ाने, उत्पाद को बाजार दर पर उपलब्ध कराने तथा उसके व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए भी निर्देशित किया गया।

इस दौरान नगर परिषद आयुक्त शशिकांत शर्मा,उप वन संरक्षक दीपक कुमार, अधीशाषी अभियन्ता प्रवीण कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहें।

Related Articles