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खंडेला में 23वें दिन धरना जारी, मुख्यमंत्री का पुतला फूंका:आवासीय भूखंड की फाइल कलेक्टर कार्यालय में अटकी, बावरिया समाज में रोष


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खंडेलाटॉप न्यूज़राजस्थानराज्यसीकर

खंडेला में 23वें दिन धरना जारी, मुख्यमंत्री का पुतला फूंका:आवासीय भूखंड की फाइल कलेक्टर कार्यालय में अटकी, बावरिया समाज में रोष

खंडेला में 23वें दिन धरना जारी, मुख्यमंत्री का पुतला फूंका:आवासीय भूखंड की फाइल कलेक्टर कार्यालय में अटकी, बावरिया समाज में रोष

खंडेला : खंडेला में आवासीय भूखंडों की मांग को लेकर बावरिया समाज का अनिश्चितकालीन धरना गुरुवार को 23वें दिन भी जारी रहा। मातृ भूमि सेवा संस्थान के बैनर तले खंडेला उपखंड कार्यालय परिसर में प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री का पुतला जलाकर विरोध जताया। उनका आरोप है कि वे वर्षों से प्रशासन को ज्ञापन और आवेदन दे रहे हैं, लेकिन अब तक केवल कागजी कार्यवाही हुई है और कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया।

उपखंड प्रशासन ने पटवारी और तहसीलदार की रिपोर्ट तैयार कर फाइल जिला कलेक्टर कार्यालय भेजी थी। इससे समाज में उम्मीद जगी थी कि उनकी मांग पर गंभीरता से विचार किया जाएगा। हालांकि, 12 दिन बीत जाने के बाद भी फाइल को न तो कोई स्वीकृति मिली है और न ही किसी अधिकारी ने उसकी स्थिति स्पष्ट की है।

मातृ भूमि सेवा संस्थान के अध्यक्ष एडवोकेट गोकुल चंद गोदारा ने बताया कि सरकार और प्रशासन ने उन्हें वर्षों से विभिन्न योजनाओं का आश्वासन दिया है। इसके बावजूद, उन्हें ‘रहने की जगह’ जैसी मूलभूत आवश्यकता अभी तक पूरी नहीं की गई है। धरने में महिलाएं, बुजुर्ग और छोटे बच्चे भी शामिल हैं, जो अपनी मांगों के लिए ठंड में संघर्ष कर रहे हैं। स्थायी आवास न होने के कारण बच्चों की पढ़ाई बाधित होती है, पहचान पत्रों में पते बदलते रहते हैं और उनका जीवन अस्थिर बना रहता है। यह स्थिति राजस्थान में वंचित समुदायों द्वारा सामना की जा रही वास्तविक समस्याओं को उजागर करती है।

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