शिक्षाविद अब्दुल हमीद खां मोयल का निधन, बड़ाबास स्थिति दरगाह कब्रिस्तान में किया गया सुपुर्द-ए-खाक
शिक्षाविद अब्दुल हमीद खां मोयल का निधन, बड़ाबास स्थिति दरगाह कब्रिस्तान में किया गया सुपुर्द-ए-खाक

जनमानस शेखावाटी संवाददाता : मोहम्मद अली पठान
लाडनूं : लाडनूं क्षेत्र में गुरूजी के नाम मशहूर और अपनी विशिष्ट पहचान रखने वाले मास्टर अब्दुल हमीद खां मोयल बड़ाबास लाडनूं निवासी ने अलसुबह अपने घर पर आखिरी सांस ली। दोपहर को बड़ाबास स्थिति दरगाह खाद खदीर की कब्रिस्तान में उनके नमाज जनाजे की नमाज अदा कर सुपुर्द खाक किया गया और मरहुम के लिए दुवाएं मग्फीरत की गई तथा इनके घर वालों को यह दुःख सदमा सहन करने की हिम्मत और ताकत देने की दुवाए मांगी गई। इस अवसर पर बड़ी संख्या में हिंदू समुदाय के अलावा मुस्लिम समुदाय सहित सर्वसमाज के गणमान्य नागरिक उनकी अंतिम शव यात्रा जनाजे में शामिल हुए और नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी।जानकारी अनुसार महुरुम अब्दुल हमीद खां मोयल सरकारी व्याख्याता पद से सेवानिवृत मोयल सदैव शिक्षा को समर्पित रहे। वे विभिन्न संगठनों से जुड़कर अपने अंतिम समय तक समाज सेवा से जुड़े रहे।
शिक्षक नेता नानूराम गोदारा ने बताया कि मोयल राजस्थान शिक्षक संघ, राजस्थान संयुक्त कर्मचारी महासंघ, अंजुमन फैज ए आम, अल्पसंख्यक अधिकारी, कर्मचारी महासंघ, मानवाधिकार फाउण्डेशन, अणुव्रत समिति आदि संस्थानों से जुड़कर विशिष्ट समाज सेवा का कार्य में सदैव तत्पर रहे। सामाजिक कार्यकर्ता मो० मुश्ताक खान कायमखानी ने बताया कि गुरुजी हमारे आदर्श रहे हैं और अचानक उनका इस तरह से इस दुनिया को अलविदा कह कर चले जाने से क्षेत्र और क्षेत्र वासियों के लिए अति दुखद और अपूर्णीय क्षति हुई है।
इस अवसर पर लाडनूं विधायक मुकेश भाकर, समाजसेवी नरेंद्र भुतोड़ीया, चीफ शहर काजी सैय्यद मोहम्मद अली असरफी, मौलाना मोहम्मद मदनी, मौलाना मोहम्मद शकिल, समाजसेवी लियाकत अली, समाजसेवी डॉ. गुलाबनबी सिसोदिया, डॉ नानूराम चोयल, डॉ. वीरेंद्र भाटी मंगल, शिक्षक नेता जगदीश घिंटाला, व्याख्याता चंद्राराम मेहरा, प्राचार्या डॉ शिल्पी जैन, शिक्षिका परवीन भाटी, अलानुर ठेकेदार, जगदीश यायावर, शंकर आकाश, लछमन चारण, मास्टर मोहम्मद बिलाल मुगल, पार्षद इदरीस खां, अबू बकर बल्खी, हारून बड़गुर्जर, नगर पालिका अध्यक्ष रावत खां, उपाध्यक्ष मुकेश खिंची, प्रधान हनुमानाराम कासनीया, होशियार अली खां, यासीन अख्तर, सबीर खां लाडवाण, अयुब खां सामदखानी सहित सैकड़ों गणमान्य नागरिको ने श्रद्धांजलि पेश की है।