[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

नंगली सलेदीसिंह में भागवत कथा का चौथा दिन:समुद्र मंथन, मोहिनी-धनवंतरी और वामन भगवान की कथाओं का हुआ वर्णन


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
खेतड़ीझुंझुनूंटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

नंगली सलेदीसिंह में भागवत कथा का चौथा दिन:समुद्र मंथन, मोहिनी-धनवंतरी और वामन भगवान की कथाओं का हुआ वर्णन

नंगली सलेदीसिंह में भागवत कथा का चौथा दिन:समुद्र मंथन, मोहिनी-धनवंतरी और वामन भगवान की कथाओं का हुआ वर्णन

जनमानस शेखावाटी संवाददाता : विजेन्द्र शर्मा

खेतड़ी : क्षेत्र के नंगली सलेदीसिंह स्थित गोपीनाथ केशव गौशाला में चल रही भागवत कथा के चौथे दिन कथावाचक पंडित सज्जन शास्त्री ने समुद्र मंथन, मोहिनी-धनवंतरी, अनुसूया, अम्बरीश, भृगु-त्रिदेव परीक्षा, जालंधर और वामन भगवान की कथाओं का विस्तार से वर्णन किया।यह कथा गौ सेवा सेतु द्वारा 10 फरवरी को होने वाले विराट हिंदू सम्मेलन के उपलक्ष्य में ग्रामवासियों के सहयोग से आयोजित की जा रही है।कथा के दौरान पंडित सज्जन शास्त्री ने समुद्र मंथन को भक्ति, परिश्रम और ईश्वर की कृपा का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि जीवन की कठिनाइयों का सामना धैर्य और अटूट विश्वास के साथ करना चाहिए।

शास्त्री जी ने बताया कि भगवान विष्णु की योजना से देवताओं को अमृत मिला और असुरों पर विजय प्राप्त हुई। उन्होंने इस प्रसंग से एकता के महत्व पर भी प्रकाश डाला, जो कठिन कार्यों की सफलता के लिए आवश्यक है।पंडित शास्त्री ने समुद्र मंथन से निकले 14 रत्नों का भी वर्णन किया। इनमें हलाहल विष, कामधेनु गाय, ऐरावत हाथी, उच्चैःश्रवा अश्व, कौस्तुभ मणि, कल्पवृक्ष, रंभा अप्सरा, लक्ष्मी, वारुणी मदिरा, चंद्रमा, सारंग धनुष, पांचजन्य शंख, धनवंतरी और अमृत शामिल थे। उन्होंने बताया कि भगवान विष्णु ने देवताओं को अमृतपान कराया।इस अवसर पर मुख्य यजमान मुरारी लाल केजरीवाल और अनीता देवी, राजेश मोदी कटक और अशोक मोदी कटक ने विधिवत भागवत पूजन किया। कथा के चौथे दिन वामन भगवान की सजीव झांकी प्रस्तुत की गई, जिसने श्रद्धालुओं का ध्यान आकर्षित किया।

इस आयोजन में भूपेंद्र सिंह शेखावत, नरेश केजरीवाल, पूर्व सरपंच दयानंद खाखिल, बाग सिंह, अनुज बड़ाऊ, बनवारी लाल यादव, राजवीर चौधरी, चतरसाल सिंह, किशोर सिंह, नंदलाल शर्मा, ज्ञानीराम मेघवाल, टीकम योगी, बबलू सिंह, योगेंद्र खटाना, पुशब सिंह, इंदल कंवर, सरस्वती देवी, नवल कंवर, राजवंती देवी, सुमन कंवर, पूनम कंवर, सुशील कंवर, राज कंवर, राजेश कंवर, अंजू कंवर सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

Related Articles