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राजस्थान को मिल सकती है “खेलो इंडिया’ की मेजबानी, SMSस्टेडियम, जेईसीसी, जोधपुर और उदयपुर को बतौर वेन्यू दिखाया


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राजस्थान को मिल सकती है “खेलो इंडिया’ की मेजबानी, SMSस्टेडियम, जेईसीसी, जोधपुर और उदयपुर को बतौर वेन्यू दिखाया

ब्रेकिंग केंद्र सरकार ने राज्य का आग्रह स्वीकार किया, मेजबानी के लिए मांगे 3 इंडोर हॉल और सभी गेम्स के स्पोर्ट्स ग्राउंड

जयपुर : खेलो इंडिया यूथ गेम्स (केआईवाईजी) 2025 की मेजबानी के लिए राजस्थान पूरी तरह तैयार है। ‘खेलो इंडिया’ के आयोजन के लिए केंद्र सरकार को जो सुविधाएं चाहिए, वे राजस्थान के पास पहले से उपलब्ध हैं। राजस्थान क्रीड़ा परिषद ने केंद्र की शर्तों को मानते हुए सवाई मानसिंह स्टेडियम, सीतापुरा स्थित जेईसीसी, जोधपुर और उदयपुर को बतौर वेन्यू दिखाया है। इन सुविधाओं के आधार पर राजस्थान को मेजबानी मिलने के पूरे आसार हैं। हालांकि क्रीड़ा परिषद ने 2025 और 2026 दोनों साल के लिए अपनी इच्छा जाहिर की है।

अगर किसी कारण से 2025 की मेजबानी नहीं मिलती है, तो 2026 में हर हाल में दी जाएगी। गौरतलब है कि राजस्थान में खेल का माहौल विकसित करने के उद्देश्य से राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा और खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने हाल ही केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर से मेजबानी की इच्छा जाहिर की थी। 27 मई को डायरेक्टर स्पोर्ट्स ने राजस्थान क्रीड़ा परिषद से मेजबानी के लिए सुविधाओं की लिस्ट मांगी थी। इसमें मुख्य तौर पर तीन इंडोर हॉल और सभी गेम्स के ग्राउंड मांगे हैं, जो क्रीड़ा परिषद के पास पहले से उपलब्ध हैं।

अब तक के विजेता-उपविजेता

  • संस्करण मेजबानी विजेताउपविजेता
  • 2018 नई दिल्ली हरियाणामहाराष्ट्र
  • 2019 पुणे महाराष्ट्रहरियाणा
  • 2020 गुवाहाटी महाराष्ट्रहरियाणा
  • 2021 पंचकुला हरियाणामहाराष्ट्र
  • 2022 भोपाल महाराष्ट्रहरियाणा
  • 2023 चेन्नई महाराष्ट्रतमिलनाडु
  • 2024 तमिलनाडु महाराष्ट्रतमिलनाडु
  • 7 साल में उपविजेता भी नहीं बन पाया राजस्थान

2018 में नई दिल्ली से ‘खेलो इंडिया’ की शुरुआत हुई थी। 7 बार के आयोजनों में 5 बार महाराष्ट्र और 2 बार हरियाणा विजेता रहा। इस दौरान राजस्थान उपविजेता भी नहीं बन पाया। 2024 में 13 गोल्ड, 17-17 सिल्वर और ब्रॉन्ज मेडल के साथ राजस्थान 5वें स्थान पर रहा। राजस्थान की इस परफॉर्मेंस को देखते हुए ग्राउंड लेवल पर खेलों मेंे सुधार की काफी गुंजाइश है। इसे सुधारने के लिए सीएम और खेल मंत्री ने मेजबानी की इच्छा जताई है।

2024 में 26 खेलों को किया था शामिल

केआईवाईजी-2018 में 18 खेलों के साथ इसकी शुरुआत की गई थी। 2024 तक 26 खेल शामिल हो गए, जिनमें तीरंदाजी, एथलेटिक्स, बैडमिंटन, बास्केटबॉल, मुक्केबाजी, साइकिलिंग (रोड और ट्रैक), तलवारबाजी, फुटबॉल, गतका, जिम्नास्टिक, हॉकी, जूडो, कबड्‌डी, कलारीपयट्‌टू, खो-खो, मलखम, निशानेबाजी, तैराकी, टेबल टेनिस, टेनिस, थांग-ता, वॉलीबॉल, वेटलिफ्टिंग, कुश्ती, योगासन और स्क्वैश है। -सोहनराम चौधरी, सचिव, क्रीड़ा परिषद

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