[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

मानसिक परेशानी छिपाएं नहीं, समय पर लें मदद; विद्यार्थियों को दी टेली-मानस हेल्पलाइन की जानकारी


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
चूरूटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

मानसिक परेशानी छिपाएं नहीं, समय पर लें मदद; विद्यार्थियों को दी टेली-मानस हेल्पलाइन की जानकारी

विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर चूरू के गीतांजलि स्कूल में विधिक साक्षरता शिविर, 250 से अधिक विद्यार्थियों ने लिया जागरूक रहने का संकल्प

जनमानस शेखावाटी सवांददाता : मोहम्मद अली पठान

चूरू : विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस-2026 के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार स्थानीय गीतांजलि पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। इसमें कक्षा 8 से 12 तक के 250 से अधिक विद्यार्थियों और अध्यापकों ने भाग लिया। शिविर में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने और जरूरत पड़ने पर समय पर सहायता लेने का संदेश दिया गया।

विद्यालय के चेयरमैन दामोदर गौतम ने कहा कि जीवन में सफलता के लिए शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक रूप से स्वस्थ रहना भी जरूरी है। विद्यार्थियों को तनावमुक्त रहकर पढ़ाई करने और अपने लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी। निदेशक गौरव गौतम ने कहा कि मानसिक परेशानी, तनाव या उदासी को छिपाने के बजाय उस पर खुलकर बात करनी चाहिए और जरूरत पड़ने पर उचित मार्गदर्शन लेना चाहिए। प्रबंधक विनय गौतम ने सकारात्मक सोच और संतुलित जीवनशैली को बेहतर भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताया।

टेली-मानस हेल्पलाइन की दी जानकारी

मुख्य वक्ता पैरा लीगल वॉलंटियर रामावतार शर्मा ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस-2026 की थीम ‘जीने के अनुभवों को सुना जाए : सच्ची आवाजें, सच्चा बदलाव’ के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के लक्षण, बचाव के उपाय और संबंधित कानूनी प्रावधानों के बारे में बताया। साथ ही सरकार की 24 घंटे उपलब्ध टेली-मानस हेल्पलाइन के नंबर 14416 और 1800-89-14416 की जानकारी देते हुए जरूरत पड़ने पर सहायता लेने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता वरिष्ठ अध्यापिका कृष्णा ने की, जबकि संचालन वरिष्ठ अध्यापक पंचम शर्मा ने किया। शिविर में विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं पर खुलकर चर्चा करने और समय रहते मदद लेने के लिए जागरूक किया गया।

Related Articles