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जसरापुर के भिंटेरा में इंद्र देवता के लिए हवन:21 किलो देसी घी से आहुतियां, अच्छी बारिश के लिए ग्रामीणों ने की प्रार्थना


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जसरापुर के भिंटेरा में इंद्र देवता के लिए हवन:21 किलो देसी घी से आहुतियां, अच्छी बारिश के लिए ग्रामीणों ने की प्रार्थना

जसरापुर के भिंटेरा में इंद्र देवता के लिए हवन:21 किलो देसी घी से आहुतियां, अच्छी बारिश के लिए ग्रामीणों ने की प्रार्थना

खेतड़ी : खेतड़ी उपखंड के जसरापुर क्षेत्र के भिंटेरा की पहाड़ी पर स्थित प्राचीन भोमिया जी महाराज मंदिर में अच्छी बारिश की कामना और खेतों में सूख रही फसलों को बचाने के लिए हवन का आयोजन किया गया। इस धार्मिक आयोजन में ग्रामीणों ने इंद्र देवता से क्षेत्र में जल्द बारिश की प्रार्थना की।

पिछले कई दिनों से तेज गर्मी और पर्याप्त बरसात न होने के कारण खेतों में खड़ी फसलें सूखने लगी हैं। इससे किसानों की चिंता बढ़ गई है और उन्हें अपनी फसलों को बचाने के लिए बारिश का बेसब्री से इंतजार है।

यह हवन गुरुजी केसर देव खटाना के सानिध्य में बाबा हीरामल महाराज के गोठियों तथा बहलवानगर, श्यामपुरा और भिंटेरा के ग्रामवासियों के सहयोग से संपन्न हुआ। गुरुजी केसर देव खटाना ने मंत्रोच्चार के साथ हवन में 21 किलो देसी घी से आहुतियां दिलवाईं।

जोगेंद्र सिंह खटाना ने बताया कि कई दिनों से बरसात नहीं होने के कारण खेतों में खड़ी फसल सूखती जा रही है। फसल को बचाने के लिए ही इस हवन का आयोजन किया गया। ग्रामीणों ने क्षेत्र में जल्द अच्छी बारिश होने और फसलों को राहत मिलने की प्रार्थना की।

हवन के बाद पूर्णाहुति और महाआरती की गई। इससे पहले रात्रि में गोठियों द्वारा जागरण का आयोजन भी किया गया था। इस धार्मिक आयोजन में आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए और सभी ने इंद्र देवता से बारिश की कामना की।

ग्रामीणों ने बताया कि तेज गर्मी और लंबे समय से बारिश न होने के कारण खेतों में नमी लगातार कम हो रही है। फसलों पर मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों का असर साफ दिखाई दे रहा है। ऐसे में किसानों को अब अच्छी बारिश का इंतजार है ताकि खेतों में खड़ी फसलों को राहत मिल सके।

इस मौके पर सेवापति बलवीर सिराधना, बबलू सिराधना, जोगेंद्र खटाना, बहादुर छावड़ी, राम सिंह बोकण, महावीर यादव, रामचंद्र ठेकेदार, राकेश घोड़ा, महेश लुनीवाल, राजवीर यादव, महेश छावड़ी, बंसीराम खटाना, शीशराम यादव, हजारीलाल सिराधना और भादरमल सहित गोठिये एवं ग्रामवासी मौजूद रहे।

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