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लक्ष्मणगढ़ में NEET-UG 2026 का एग्जाम:अव्यवस्थाओं की खुली पोल, परीक्षा केंद्र खोजते हुए भटके छात्र


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लक्ष्मणगढ़ में NEET-UG 2026 का एग्जाम:अव्यवस्थाओं की खुली पोल, परीक्षा केंद्र खोजते हुए भटके छात्र

लक्ष्मणगढ़ में NEET-UG 2026 का एग्जाम:अव्यवस्थाओं की खुली पोल, परीक्षा केंद्र खोजते हुए भटके छात्र

लक्ष्मणगढ़ : देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 आज रविवार को देशभर में आयोजित हुई। लक्ष्मणगढ़ उपखंड में परीक्षा के लिए 7 केंद्र बनाए गए, जहां बड़ी संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा देने पहुंचे। शहर मुख्यालय पर भी दो स्कूलों में परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। प्रशासन ने परीक्षा को लेकर पुख्ता सुरक्षा इंतजामों के दावे किए थे, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही नजर आई।

प्रशासनिक दावों की खुली पोल

सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग लक्ष्मणगढ़ की ओर से जारी आदेश में परीक्षा के सफल संचालन हेतु परीक्षा केंद्रों के आसपास संचालित साइबर कैफे और ई-मित्र केंद्रों को परीक्षा अवधि में बंद करवाने के निर्देश दिए गए थे। आदेश में स्पष्ट रूप से लिखा गया था कि निर्धारित परीक्षा केंद्रों के 300 मीटर दायरे में संचालित ई-मित्र केंद्रों को सुबह 8 बजे से सायं 5:30 बजे तक सेवाएं बंद रखनी होंगी। इसके बावजूद कई स्थानों पर ये प्रतिष्ठान खुले नजर आए, जिससे प्रशासनिक दावों की पोल खुल गई।

इस विषय में जब प्रोग्रामर नीतू कुमारी से बात की गई तो उन्होंने कहा कि सभी ई-मित्र संचालकों को पहले ही सूचित कर दिया गया था और सभी केंद्र बंद हैं।

स्कूल के दो भवन होने से हुई गफलत

वहीं शहर के एक परीक्षा केंद्र को लेकर भी भारी गफलत देखने को मिली। मुख्य बस स्टैंड स्थित पीएम श्री राजकीय सावित्री बालिका स्कूल में परीक्षा केंद्र बनाया गया था। स्कूल के दो भवन होने के बावजूद परीक्षार्थियों को स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई। अधिकांश अभ्यर्थी और उनके परिजन स्कूल की मुख्य व प्रचलित बिल्डिंग पर पहुंचते रहे, जहां ताला लगा मिला, जबकि वास्तविक परीक्षा केंद्र पीछे दो गलियां छोड़कर स्थित दूसरे भवन में था। मौके पर सही दिशा बताने के लिए कोई कार्मिक तैनात नहीं था और ना ही कोई साइन बोर्ड या सूचना पट्ट लगाया गया था।

मौके पर छाया के लिए शामियाना लगाया गया था, कुर्सियां लगाई गई थीं तथा पानी के कैन भी रखे गए थे। केंद्र को लेकर फैली गफलत के कारण दर्जनों अभिभावक बच्चों के साथ वहीं बैठे रहे। मीडिया टीम के मौके पर पहुंचकर बातचीत करने पर लापरवाही सामने आई।

ट्रैफिक में फंसते नजर आए वाहन

दूसरी तरफ शहर में दो केंद्र होने के बावजूद प्रशासन द्वारा ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर कोई विशेष सुधार नहीं किया गया। परीक्षा केंद्र वाली गली सहित आसपास के रास्तों में बार-बार जाम की स्थिति बनती रही, जिससे आमजन और अभिभावक परेशान होते रहे। लंबे जाम में एंबुलेंस भी फंसी नजर आई।

सुरक्षा की दृष्टि से माकूल व्यवस्था की गई थी। प्रत्येक केंद्र पर पुलिस जवान तैनात किए गए। उपखंड अधिकारी मोहर सिंह मीणा और पुलिस उपाधीक्षक दिलीप कुमार मीणा भी विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण करते नजर आए। वहीं बिजली की सुचारू व्यवस्था के लिए जनरेटर की व्यवस्था भी की गई है।

नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के अनुसार परीक्षा दोपहर 2 बजे से शुरू हुई। अभ्यर्थियों की एंट्री सुबह 11 बजे से शुरू हुई थी, जबकि दोपहर 1:30 बजे मुख्य गेट बंद कर दिए गए।

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