झुंझुनूं में गाय के साथ कलेक्ट्रेट में घुसे प्रदर्शनकारी:प्रधानमंत्री के नाम 3.72 लाख साइन का डिजिटल रिकॉर्ड दिया
झुंझुनूं में गाय के साथ कलेक्ट्रेट में घुसे प्रदर्शनकारी:प्रधानमंत्री के नाम 3.72 लाख साइन का डिजिटल रिकॉर्ड दिया
झुंझुनूं : झुंझुनूं में सोमवार को गो सम्मान आह्वान अभियान के तहत सैकड़ों गौभक्त और ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे। प्रदर्शनकारी अपने साथ गाय भी लेकर आए। मुख्य द्वार पर पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी गाय के साथ कलेक्ट्रेट परिसर में दाखिल हो गए। बाद में जिला कलेक्टर के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम स्मरण पत्र सौंपा गया।
गाय के साथ कलेक्ट्रेट में दाखिल हुए गौभक्त
सैकड़ों की संख्या में गौभक्त और ग्रामीण गो सम्मान आह्वान अभियान के तहत कलेक्ट्रेट पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस से कहा कि वे शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करना चाहते हैं। जब गौभक्त गाय को साथ लेकर कलेक्ट्रेट परिसर में प्रवेश करने लगे तो मुख्य द्वार पर तैनात पुलिसकर्मियों ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। इसके बाद प्रदर्शनकारी गाय के साथ कलेक्ट्रेट परिसर के भीतर तक पहुंच गए। परिसर में पहुंचने के बाद गौभक्तों ने नारेबाजी की और गोवंश की रक्षा के लिए आंदोलन जारी रखने की बात कही।

प्रधानमंत्री के नाम सौंपा स्मरण पत्र
प्रदर्शन और नारेबाजी के बाद गौभक्तों के प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाकात की। इसके बाद जिला कलेक्टर के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधियों ने बताया कि 27 अप्रैल 2026 को देश की 5,100 तहसीलों से सवा 5 करोड़ से अधिक हस्ताक्षरों के साथ गो-सेवा और सुरक्षा के लिए प्रार्थना पत्र भेजा गया था। उस पर ठोस कार्रवाई नहीं होने के कारण सोमवार को दोबारा स्मरण पत्र सौंपा गया।


3,72,684 साइन का डिजिटल रिकॉर्ड पेनड्राइव में दिया
अभियान दल ने पर्यावरण संरक्षण और कागज की बचत का संदेश देते हुए जनसमर्थन का डिजिटल रिकॉर्ड प्रशासन को सौंपा। ज्ञापन के साथ एक पेनड्राइव भी दी गई, जिसमें 14,334 पृष्ठों का डेटा शामिल है। इसमें झुंझुनूं जिले और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से मिले 3,72,684 नागरिकों और गौभक्तों के हस्ताक्षरयुक्त समर्थन पत्रों का रिकॉर्ड दर्ज है।
ये तीन प्रमुख मांगें रखीं
1. अलग गो पालन मंत्रालय: गोवंश के संरक्षण और संवर्धन के लिए केंद्र स्तर पर अलग ‘गो पालन मंत्रालय’ बनाने की मांग की गई।
2. सख्त केंद्रीय कानून: गोवंश की हत्या और तस्करी रोकने के लिए पूरे देश में एक समान और कड़ा केंद्रीय कानून बनाने की मांग की गई।
3. देशी गोवंश को राष्ट्रीय सम्मान: संपूर्ण देशी गोवंश को राष्ट्रीय सम्मान प्रदान करने की मांग रखी गई।
देश
विदेश
प्रदेश
संपादकीय
वीडियो
आर्टिकल
व्यंजन
स्वास्थ्य
बॉलीवुड
G.K
खेल
बिजनेस
गैजेट्स
पर्यटन
राजनीति
मौसम
ऑटो-वर्ल्ड
करियर/शिक्षा
लाइफस्टाइल
धर्म/ज्योतिष
सरकारी योजना
फेक न्यूज एक्सपोज़
मनोरंजन
क्राइम
चुनाव
ट्रेंडिंग
Covid-19





Total views : 2283077


