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सरस्वती बाल निकेतन स्कूल में विधिक जागरूकता शिविर, बाल विवाह व बाल संरक्षण पर दिया संदेश


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सरस्वती बाल निकेतन स्कूल में विधिक जागरूकता शिविर, बाल विवाह व बाल संरक्षण पर दिया संदेश

सरस्वती बाल निकेतन स्कूल में विधिक जागरूकता शिविर, बाल विवाह व बाल संरक्षण पर दिया संदेश

जनमानस शेखावाटी सवांददाता : गजराज शर्मा

बीदासर: स्थानीय सरस्वती बाल निकेतन स्कूल में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों, अभिभावकों और विद्यालय स्टाफ ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शिविर का उद्देश्य समाज में व्याप्त कुरीतियों के प्रति जागरूकता फैलाना और बच्चों के अधिकारों की जानकारी देना रहा।

कार्यक्रम में पैनल एडवोकेट अरविन्द चौधरी एवं महेश कुमार छापोला ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए बाल विवाह निषेध कानून और बाल संरक्षण से जुड़े विभिन्न प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बाल विवाह एक गंभीर सामाजिक बुराई है, जो बच्चों के भविष्य को प्रभावित करती है और कानून के तहत यह दंडनीय अपराध है।

वक्ताओं ने बताया कि बाल विवाह से बच्चों के स्वास्थ्य, शिक्षा और मानसिक विकास पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है, विशेषकर बालिकाओं पर इसके दुष्परिणाम अधिक होते हैं। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को शिक्षित बनाने और उन्हें अपने सपनों को पूरा करने का अवसर देने की अपील की।

बाल संरक्षण विषय पर जानकारी देते हुए वक्ताओं ने कहा कि बच्चों को शोषण, बाल श्रम, दुर्व्यवहार और उत्पीड़न से बचाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। सरकार द्वारा बच्चों की सुरक्षा के लिए विभिन्न कानून और हेल्पलाइन सेवाएं संचालित की जा रही हैं, जिनका जरूरत पड़ने पर उपयोग करना चाहिए।

शिविर के दौरान विद्यार्थियों ने सवाल पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया और अपने अधिकारों व कर्तव्यों के बारे में जानकारी हासिल की।

कार्यक्रम में विद्यालय के निदेशक गोकुल चंद छापोला, प्रधानाध्यापक रवि प्रजापत सहित समस्त स्टाफ, विद्यार्थी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। विद्यालय प्रशासन ने अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने का संकल्प लिया।

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