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धानोठी छोटी स्कूल भवन गिराने पर हाईकोर्ट ने मांगा जवाब:सरकार और शिक्षा विभाग से जवाब तलब, बिना नए भवन की स्वीकृति पूराने भवन को ध्वस्त किया था


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धानोठी छोटी स्कूल भवन गिराने पर हाईकोर्ट ने मांगा जवाब:सरकार और शिक्षा विभाग से जवाब तलब, बिना नए भवन की स्वीकृति पूराने भवन को ध्वस्त किया था

धानोठी छोटी स्कूल भवन गिराने पर हाईकोर्ट ने मांगा जवाब:सरकार और शिक्षा विभाग से जवाब तलब, बिना नए भवन की स्वीकृति पूराने भवन को ध्वस्त किया था

सादुलपुर : राजस्थान हाईकोर्ट जोधपुर की खंडपीठ ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए सरकार और शिक्षा विभाग से जवाब तलब किया है। यह याचिका क्षेत्र के गांव धानोठी छोटी में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के भवन निर्माण से संबंधित है, जिसे बिना नई स्वीकृति के ध्वस्त कर दिया गया था।

पूरी बिल्डिंग को गिरा दिया गया था

जानकारी के अनुसार, गत माह शिक्षा विभाग ने कक्षा 1 से 12 तक संचालित इस विद्यालय की पूरी बिल्डिंग को गिरा दिया था। नई स्कूल बिल्डिंग के निर्माण के लिए सरकार की ओर से कोई स्वीकृति जारी नहीं की गई थी।

इस कार्रवाई से विद्यालय में पढ़ रहे सैकड़ों छात्रों की पढ़ाई और स्कूल के संचालन में बड़ी चुनौती खड़ी हो गई थी। ग्रामवासियों ने विद्यालय के नए भवन निर्माण के लिए सरकार, शिक्षा सचिवालय, शिक्षा निदेशालय और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से बार-बार गुहार लगाई, लेकिन सरकार के स्तर पर एक भी कक्षा कक्ष के निर्माण को मंजूरी नहीं मिली।

इस स्थिति को लेकर धानोठी छोटी निवासी युवा समाजसेवी महिपाल सुंदरिया ने राजस्थान हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की। उन्होंने सरकार को विद्यालय का नया भवन बनाने का आदेश देने की मांग की।

सरकार ने दो सप्ताह का समय मांगा

बुधवार को जस्टिस विनीत माथुर और जस्टिस चंद्रशेखर शर्मा की खंडपीठ ने छात्रहित की इस गंभीर समस्या को देखते हुए सरकार से मामले में जवाब तलब किया। सरकार की ओर से पेश अतिरिक्त महाधिवक्ता सज्जन सिंह राठौर ने जवाब दाखिल करने के लिए दो सप्ताह का समय मांगा। अदालत ने संबंधित पक्षों को नोटिस जारी करते हुए दो सप्ताह में जवाब दाखिल करने का आदेश दिया और मामले की अगली सुनवाई 4 मार्च को तय की है। याचिकाकर्ता की ओर से एडवोकेट पीआर सेन ने पैरवी की।

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