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विवादित जमीन पर वन विभाग की कार्रवाई का विरोध:ग्रामीणों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, स्टे के बावजूद कार्रवाई करने का आरोप लगाया


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विवादित जमीन पर वन विभाग की कार्रवाई का विरोध:ग्रामीणों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, स्टे के बावजूद कार्रवाई करने का आरोप लगाया

विवादित जमीन पर वन विभाग की कार्रवाई का विरोध:ग्रामीणों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, स्टे के बावजूद कार्रवाई करने का आरोप लगाया

उदयपुरवाटी : झुंझुनूं जिले के नीमका जोहड़ा क्षेत्र में ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से वन विभाग के खिलाफ शिकायत की है। ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग विवादित जमीन पर न्यायालय के स्थगन आदेश के बावजूद कार्रवाई कर रहा है। जिला कलेक्टर ने दोनों पक्षों को सुनकर उदयपुरवाटी एसडीओ को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

मंदिर की खातेदारी में रही कुछ जमीन पर विवाद-ग्रामीण

जानकारी के अनुसार, गोपालजी मंदिर नीमकाजोहड़ा के पुजारी रामजीदास के नेतृत्व में ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया है कि मंदिर की खातेदारी में रही कुछ जमीन पर विवाद चल रहा है। यह विवादित जमीन सरकार की रिसीवरी में ली गई है और इस पर न्यायालय का स्थगन आदेश लागू है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पिछले दिनों वन विभाग द्वारा इस विवादित जमीन से अतिक्रमण हटाने के नाम पर कार्रवाई की गई। पुजारी के मुताबिक, वन विभाग स्थगन आदेश के बावजूद विवादित जमीन पर निर्माण कार्य करवा रहा है। यहां तक कि मंदिर द्वारा डलवाए गए पत्थरों का उपयोग भी इस निर्माण कार्य में किया जा रहा है।

जिला कलेक्टर ने उपखंड अधिकारी को निर्देश दिए हैं कि वे स्थगन आदेश की जांच करें और वन विभाग के रेंजर का पक्ष सुनकर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें।

ये रहे मौजूद

ज्ञापन देने वालों में पुजारी रामजीदास वैष्णव के साथ विष्णुस्वरूप स्वामी नोहरा, निरंजन लाल स्वामी गुढ़ागौड़जी, मालीराम स्वामी कोट, हनुमान प्रसाद स्वामी ककराना, जुगलदास स्वामी, रितु प्रवीण स्वामी, रामरतन स्वामी झुंझुनूं, ग्यारसी लाल स्वामी बड़ागांव, राजकुमार स्वामी दोरासर, पवन वैष्णव नीमकाजोहड़ा, कौशल्या स्वामी, सपना स्वामी, नैना स्वामी, हिमांशु स्वामी और छगन लाल स्वामी सहित कई ग्रामीण शामिल थे।

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