[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

राजस्थान में लड़कियों की नीलामी की घटना को लेकर NCW अध्यक्ष बोलीं- ‘यहां हर घर में 5-6 बच्चियां हैं जो सामान्य नहीं है’


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
राजस्थानराज्य

राजस्थान में लड़कियों की नीलामी की घटना को लेकर NCW अध्यक्ष बोलीं- ‘यहां हर घर में 5-6 बच्चियां हैं जो सामान्य नहीं है’

राजस्थान में लड़कियों की नीलामी की घटना को लेकर NCW अध्यक्ष बोलीं- ‘यहां हर घर में 5-6 बच्चियां हैं जो सामान्य नहीं है’

Rajasthan Girls Auction: राजस्थान में स्टाम्प पेपर पर हो रही लड़कियों की नीलामी की घटना तूल पकड़ती जा रही है। राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा शनिवार को राजस्थान के सवाई माधोपुर पहुंचीं। इस मामले पर राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने मीडिया से बात करते हुए बड़ा खुलासा किया है।

NCW अध्यक्ष रेखा शर्मा ने सवाई माधोपुर में मीडिया से बात करते हुए कहा कि, “मुझे लगता है कि यहां पर एक बड़ा रैकेट है। युवा लड़कियों को देह व्यापार में धकेला जा रहा है, अब प्रशासन को यह देखना होगा कि क्या ये चोरी की हुई बच्चियां हैं। यहां से बच्चियां बाहर भी जा रही हैं।

इसके साथ ही राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने कहा कि, “यहां हर घर में 5-6 बच्चियां हैं जो सामान्य नहीं है। मुझे लगता है कि ये लड़कियां कहीं बाहर से आई हैं। अब प्रशासन को सर्वे और DNA करवाकर देखना होगा, मुझे लगता है कि इस पर कार्रवाई जरूरी है।”

राजस्थान बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष ने की बैठक

राजस्थान राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष संगीता बेनीवाल ने भीलवाड़ा में स्टांप पेपर पर लड़कियों की नीलामी की रिपोर्ट पर भीलवाड़ा में कलेक्ट्रेट में एक बैठक की। बैठक में जिला कलेक्टर, एसपी व अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। आरएससीपीसीआर प्रमुख संगीता बेनीवाल ने कहा कि मुझे डीएसपी और कलेक्टर से पता चला कि यह मामला 2019 का है। उस वक्त पुलिस ने 25 लोगों का चालान कोर्ट में पेश किया। छह लड़कियों में से चार पुनर्वासित और दो बालिका गृह में हैं, क्योंकि वे अन्य राज्यों से हैं। मैं जल्द ही उन तक पहुंचूंगी और पूरी जानकारी प्राप्त करूंगी।

राजस्थान के डीजीपी ने भी नोटिस किया जारी

वहीं एनएचआरसी की के नोटिस के बाद राजस्थान के डीजीपी ने भी एक नोटिस जारी किया गया है। डीजीपी ने इस तरह के अपराधों में शामिल लोगों के खिलाफ आपराधिक मुकदमा शुरू करने के बारे में विस्तृत रिपोर्ट देने को कहा गया है। हैरानी वाली बात ये है कि अब तक लिखित में पीड़ित लड़की के किसी भी परिजन से राजस्थान पुलिस में कभी कोई शिकायत नहीं मिली है।

बता दें कि राजस्थान सरकार को राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने एक नोटिस जारी किया था। बताया जा रहा है कि राजस्थान के आधा दर्जन जिलों में जाति पंचायतों के फरमान पर पैसों के विवादों से निपटने के लिए लड़कियों की स्टाम्प पेपर पर नीलामी की जा रही है। वहीं इससे पहले एनएचआरसी ने मीडिया रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि राजस्थान में नीलाम होने के बाद इन लड़कियों को उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, मुंबई, दिल्ली और यहां तक कि विदेशों में भेज दिया जाता है।

Related Articles

Mantratoto luwakpoker aladin66 tupaiwin rupiah89 kios77