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किसानों का धरना 50वें दिन भी जारी:बस स्टैंड लाल चौक पर नहर की मांग, कल गांवों में जलाए जाएंगे पुतले


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किसानों का धरना 50वें दिन भी जारी:बस स्टैंड लाल चौक पर नहर की मांग, कल गांवों में जलाए जाएंगे पुतले

किसानों का धरना 50वें दिन भी जारी:बस स्टैंड लाल चौक पर नहर की मांग, कल गांवों में जलाए जाएंगे पुतले

चिड़ावा : सिघाना सड़क मार्ग स्थित बस स्टैंड लाल चौक पर नहर की मांग कर रहे किसानों का धरना 50वें दिन भी जारी रहा। किसान सभा के बैनर तले चल रहे धरने की अध्यक्षता तहसील अध्यक्ष राजेन्द्र सिंह ने की। धरने पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत की मध्यस्थता में हुए शेखावाटी जल समझौते का विरोध किया गया। किसान सभा के उपाध्यक्ष बजरंग बराला ने निन्दा प्रस्ताव रखा, जिसको सर्व सम्मति से पारित किया गया। अब किसान लाल चौक पर बुधवार को केन्द्रीय मंत्री शेखावत व राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल का पुतला फुकेंगे।

शेखावाटी नहर आन्दोलन संघर्ष प्रवक्ता लोक कलाकार विजेंद्र शास्त्री ने बताया कि इस एक चौथाई फैसले को लेकर किसान बहुत ही नाराज हैं। किसानों के हक लिए सरकार द्वारा लिए गए फैसले से किसान ठगा सा महसूस कर रहे हैं।

शेखावाटी से जुड़े केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत की मध्यस्थता व मुख्यमंत्री भजनलाल की उपस्थिति में 1994 में हुए फैसले की धज्जियां उड़ाई गई। किसान नेताओं ने आरोप लगाया कि ये चुनाव के लिए भाजपा का एक प्रोपेगेंडा है। किसानों ने कहा कि शेखावाटी क्षेत्र के किसानों ने जाजम पर लिए फैसले के अनुसार अब पीछे हटने का सवाल ही नहीं है।

धरने पर बनवारीलाल, सतपाल चाहर, रणवीर, जगराम , सतवीर , औमप्रकाश कलगांव, कमल अडूका, सचिन, अंकित, मोनु, ग्यारसी काजडा, सावित्री, दुर्गा, सुमेरी ढाढौत, आलोकदेवी, शीशराम, करण, सौरभ, जयसिंह, प्रभुराम, बनवारी झाबर आदि उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री को भेजा मांग पत्र

किसानसभा की ओर से तहसील अध्यक्ष बराला के नेतृत्व में एसडीएम के माध्यम से एक मांग पत्र मुख्यमंत्री को भेजा गया है। पत्र में मुख्यमंत्री से 1994 में हुए यमुना जल समझौते के तहत बनी 31 हजार करोड़ की डीपीआर को तुरंत लागू करने की मांग की है। पत्र में लिखा है कि डीपीआर के तहत छह पाइप लाइनों से 1917 क्यूसेक पानी लाने का समझौता हुआ था। इस समझौते की जगह अगर हाल ही में हुए समझौते को लागू किया तो जिले भर में आंदोलन तेज होगा।

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