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गर्भवती व धात्री महिलाओं में एनीमिया नियंत्रण के लिए पिंक पखवाड़ा


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झुंझुनूंटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

गर्भवती व धात्री महिलाओं में एनीमिया नियंत्रण के लिए पिंक पखवाड़ा

1 से 15 दिसंबर तक मिशन मोड पर लगाए जाएंगे FCM इंजेक्शन

झुंझुनूं : गर्भवती और धात्री महिलाओं में एनीमिया को कम करने के लिए स्वास्थ्य विभाग 1 से 15 दिसंबर तक पिंक पखवाड़ा चलाएगा। इस दौरान मध्यम से गंभीर एनीमिया वाली महिलाओं को मिशन मोड में फेरिक कार्बाॅक्सी माल्टोज (FCM) इंजेक्शन लगाए जाएंगे। सीएमएचओ डॉ. छोटेलाल गुर्जर ने बताया कि अभियान की सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

उन्होंने बताया कि पहले दिए जाने वाले आयरन (IFA) की गोलियों से हीमोग्लोबिन बढ़ने में काफी समय लगता है और कई महिलाओं को मतली, कब्ज तथा अवशोषण की कमी जैसी समस्याएं भी आती हैं। वहीं FCM इंजेक्शन 1.5 से 2 माह में ही 3 से 4 ग्राम तक हीमोग्लोबिन बढ़ाने में सक्षम है।

आरसीएचओ डॉ. दयानंद सिंह ने बताया कि FCM की डोज गंजोनी सूत्र से तय की जाएगी। नियमों के अनुसार किसी गर्भवती को एक सप्ताह में 1000 मिलीग्राम से ज्यादा डोज नहीं दी जा सकती और पूरे गर्भकाल में 1500 मिलीग्राम की सीमा तय की गई है। उन्होंने पिंक पखवाड़े को पूरी क्षमता के साथ संचालित करने और अधिक से अधिक गर्भवती व धात्री महिलाओं को इसका लाभ दिलाने के निर्देश दिए।

अभियान के दौरान आशा, सहयोगिनी और एएनएम एनीमिक महिलाओं की सूची तैयार कर उन्हें अस्पताल लाएंगी। यह इंजेक्शन पीएचसी और उच्च संस्थान स्तर पर चिकित्सकीय निगरानी में लगाया जाएगा।

डॉ. दयानंद सिंह ने बताया कि FCM ड्रिप द्वारा दिया जाता है और इसे डे-केयर में सिर्फ 15 मिनट में लगाया जा सकता है। एक डोज से दो माह में हीमोग्लोबिन तेजी से बढ़ता है।

विश्व एड्स दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम

विश्व एड्स दिवस पर सोमवार को जिलेभर में स्वास्थ्य विभाग जागरूकता गतिविधियां आयोजित करेगा। डिप्टी सीएमएचओ व नोडल अधिकारी डॉ. भंवरलाल सर्वा ने बताया कि बीडीके अस्पताल, जिला अस्पताल नवलगढ़, उप जिला अस्पताल खेतड़ी, मलसीसर, चिड़ावा सहित विभिन्न सीएचसी व पीएचसी स्तर पर रैली, संगोष्ठी और कार्यशालाएं आयोजित होंगी।

लोगों को एचआईवी संक्रमण के कारणों, रोकथाम और जांच की उपलब्धता के बारे में जागरूक किया जाएगा। जिला अस्पताल से लेकर उप स्वास्थ्य केंद्र तक एचआईवी जांच सुविधा उपलब्ध है।

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