स्टे आदेश के बावजूद मजदूर का मकान ढहाया, खुले में रात बिताने को मजबूर
स्टे आदेश के बावजूद मजदूर का मकान ढहाया, खुले में रात बिताने को मजबूर

पिलानी : कस्बे में पंचायत समिति के निर्माणाधीन भवन के सामने स्थित एक मकान पर सूरजगढ़ उपखण्ड अधिकारी का स्टे आदेश होने के बावजूद शुक्रवार को नायब तहसीलदार पिलानी हरीश यादव ने जेसीबी की मदद से मकान को ढहा दिया। मकान गिराए जाने की सूचना पर परिवार के लोग मौके पर पहुंचे। उन्होंने उपखण्ड अधिकारी के 26 अगस्त को जारी यथास्थिति बनाए रखने के आदेश अधिकारियों को दिखाए, लेकिन तब तक मकान मलबे में बदल चुका था। इस पर उपस्थित लोगों ने उपखण्ड अधिकारी को फोन कर हस्तक्षेप की मांग की, जिस पर कार्यवाही रुकवाई गई, मगर तब तक मकान लगभग जमींदोज हो चुका था।
मजदूर का परिवार हुआ बेघर
खेतड़ी क्षेत्र के गांव त्योंदा निवासी रामसिंह ने बताया कि वह पिछले कुछ समय से कस्बे में ईट भट्टों पर मजदूरी कर रहा है। उसने पिछले दिनों दो सौ वर्ग गज जमीन खरीद कर तीन कमरों का मकान बनाया था। शुक्रवार को परिवार के लोग मजदूरी सहसीलदार पर गए हरीश हुए यादव थे। पीछे के से नेतृत्व नायब में आए राजस्व कर्मचारियों एंव पुलिस जवानो ने बिना किसी प्रकार की सूचना के रामसिंह का मकान जेसीबी की सहायता से गिरा दिया। आरोप है कि अधिकारियों ने परिवार को मकान में रखा सामान भी बाहर निकालने का मौका नहीं दिया। इससे रोजमर्रा का सामान, अनाज, कपड़े और बिस्तर भी मलबे में दब गए।
इनका कहना है
अधिकारियों से मिले आदेश की पालना में कार्रवाई की गई है। परिवार को नोटिस दिया गया है या नहीं, इसकी जानकारी मेरे पास नहीं है। – हरीश यादव, नायब तहसीलदार
मामले में 26 अगस्त को स्थगन आदेश जारी किए गए थे। शुक्रवार को मेरे संज्ञान में आने के बाद मकान को तोड़ने की कार्रवाई रुकवाई गई है। पूरे मामले की जांच कर न्यायोचित कार्यवाही की जाएगी – दीपक चंदन, उपखंड अधिकारी सूरजगढ़