[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

साइंस पढ़ाने वाला सरकारी टीचर कर रहा झाड़-फूंक:पथरी के इलाज का दावा, स्कूल जाना छोड़ बना लिया आश्रम, ग्रामीण बोले- ठग है


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
टॉप न्यूज़पालीराजस्थानराज्य

साइंस पढ़ाने वाला सरकारी टीचर कर रहा झाड़-फूंक:पथरी के इलाज का दावा, स्कूल जाना छोड़ बना लिया आश्रम, ग्रामीण बोले- ठग है

साइंस पढ़ाने वाला सरकारी टीचर कर रहा झाड़-फूंक:पथरी के इलाज का दावा, स्कूल जाना छोड़ बना लिया आश्रम, ग्रामीण बोले- ठग है

फालना (पाली) : माथे पर लंबा तिलक, चेहरे पर दाढ़ी-मूंछ, गले में कंठी-माला.. दावा कि मुझ पर परम पिता परमेश्वर का आशीर्वाद है। किसी दुखियारी के लिए उसने प्रार्थना कर दी तो उसके सारे दुख मिट जाएंगे…!

यह दावा करने वाले शख्स का नाम मुकेश गुर्जर (35) है। इसने अब अपना नाम बदलकर ‘मुकेशानंद’ रख लिया है। ये तंत्र-मंत्र करता है। झाड़-फूंक करता है। चौंकाने वाली बात ये है कि मुकेश गुर्जर खुद एक सरकारी टीचर है और बच्चों को स्कूल में साइंस पढ़ाता है। इसके बावजूद वह झाड़-फूंक से किसी की पथरी का इलाज करने का दावा करता है तो किसी के सारे दुख-दर्द दूर करने की बात कहता है।

6 महीने पहले शिक्षक से बाबा बन चुका मुकेश गुर्जर अब गांव में दरबार लगता है। लोगों की परेशानी सुनकर मन में कुछ बुदबुदाता है और मोर पंख से लोगों के सिर पर झाड़ा देता है।
6 महीने पहले शिक्षक से बाबा बन चुका मुकेश गुर्जर अब गांव में दरबार लगता है। लोगों की परेशानी सुनकर मन में कुछ बुदबुदाता है और मोर पंख से लोगों के सिर पर झाड़ा देता है।

पिछले दिनों फालना के नजदीक धणी गांव के लोगों ने इस टीचर पर सरकारी जमीन पर अतिक्रमण के आरोप लगाए और कार्रवाई की मांग की। इसके बाद हमारे मीडिया कर्मी ने पूरे मामले की पड़ताल की।

मुकेश गुर्जर साल 2017 में सेकेंड ग्रेड टीचर बना था। उसकी नियुक्ति जालोर में हुई। इसके बाद 2021 से वह फालना कस्बे के पास सुमेरपुर गांव के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में नियुक्त है। यहां वह बच्चों को साइंस समेत दूसरे विषय भी पढ़ाता है।

6 महीने पहले ही उसने गांव के नजदीक एक आश्रम भी बना लिया। इसे सिद्धेश्वर बालाजी नाम दिया। इसी आश्रम में वह लोगों का झाड़-फूंक करता है। हमारी टीम सबसे पहले मुकेश गुर्जर उर्फ मुकेशानंद के स्कूल पहुंची।

हम मुकेश की हिस्ट्री जानना चाहते थे, लेकिन स्कूल स्टाफ ने इस विषय में बात करने से इनकार कर दिया। हमसे रिक्वेस्ट की हम उनकी फोटो-वीडियो भी ना लें। उनके चेहरे पर मुकेश को लेकर डर साफ झलक रहा था।

दैनिक भास्कर की टीम मुकेश गुर्जर के बारे में पड़ताल करने सुमेरपुर गांव के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में पहुंची।
हमारी टीम मुकेश गुर्जर के बारे में पड़ताल करने सुमेरपुर गांव के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में पहुंची।

‘बच्चों की पढ़ाई नहीं हो रही, छुट्टी पर रहता है मुकेश’ काफी कोशिश के बाद कथित बाबा मुकेश गुर्जर के साथ पढ़ाने वाले एक टीचर ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया- पिछले 6 महीने से उसकी पर्सनैलिटी एक दम बदलने लगी है। उसने स्कूल आना कम कर दिया। उसकी सरकार की ओर से निर्धारित सारी छुट्टियां खत्म हो चुकी हैं। स्कूल में विज्ञान विषय पढ़ाने को लेकर परेशानियां भी उठानी पड़ रही हैं।

ग्रामीणों का आरोप है कि जिस जमीन पर यह आश्रम बना है वह गोचर की भूमि है और इसी पर अतिक्रमण के लिए ये टीचर इस तरह के ढोंग करता है। अगर कोई उसका विरोध करता है तो वो तांत्रिक क्रियाओं से गंभीर रूप से बीमार करने की धमकी देता है।

तेजाराम (बाएं से पहले), ध्वजाराम (बीच में) और होगुडराम (सबसे दाएं) ने लोगों के कहने पर कथित बाबा से झाड़-फूंक करवाई। पैसे भी खर्च किए, जिसके बाद इन्हें एहसास हुआ कि वो ठगे गए हैं।
तेजाराम (बाएं से पहले), ध्वजाराम (बीच में) और होगुडराम (सबसे दाएं) ने लोगों के कहने पर कथित बाबा से झाड़-फूंक करवाई। पैसे भी खर्च किए, जिसके बाद इन्हें एहसास हुआ कि वो ठगे गए हैं।

ठगी के शिकार लोगों ने बताई आपबीती

धणी गांव के रहने वाले तेजाराम ने बताया कि मेरे पांव कमजोर हैं। मुझे चलने में परेशानी होती है। अप्रैल महीने में चैत्र नवरात्र के समय गांव के लोग बाबा के पास जाने लगे थे। बाबा हवन पूजा करवा कर लोगों की परेशानी दूर करने का दावा कर रहा था। मैं गया तो बाबा ने कहा- तेरी पूजा करवा दूंगा। तू यहां से दौड़ कर जाएगा। तीन महीने तक मैंने कई चक्कर काटे, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। अब गांव वालों से पता चला कि बाबा जमीन पर कब्जा करना चाहता है। गांव के लोगों ने उपखंड अधिकारी को इस बारे शिकायत की है।

ध्वजाराम ने बताया- इसी साल चैत्र नवरात्र के बाद में गुरुजी के पास जाने लगा था। मुझे पथरी की परेशानी थी। मुझसे उसने हवन करवाया। मुझसे उसने 4500 रुपए ले लिए। काफी चक्कर काटे, लेकिन कोई आराम नहीं मिला। बाद में पता चला कि वो तो फर्जी है। लोगों को ठग रहा है।

गुढ़ालाज गांव के रहने वाले होगुडराम ने बताया- लोगों ने उन्हें बताया था कि डेरे के पास एक बाबा जी आए हुए हैं। वहां लोगों की शारीरिक परेशानियों का निवारण होता है। वो भी बाबा को अपनी बीमारियों को बताया तो उन्होंने चार हजार रुपए हवन करवाने के मांग लिए। मैंने उनसे हवन करवाया, लेकिन कोई असर नहीं हुआ। वो भोलीभाली जनता को लूट रहा है।

हमारी टीम ने कथित बाबा मुकेश गुर्जर से भी बात की। हमारी टीम ने उस से लोगों को तंत्र-मंत्र के ढोंग में फंसा कर भ्रमित करने और सरकारी जमीन कब्जा करने के बारे में सवाल किए।
दैनिक भास्कर को अपनी सफाई में मुकेश गुर्जर उर्फ मुकेशानंद ने कहा कि वो तो सिर्फ भगवान की सेवा कर रहा है।
हमारे मीडिया कर्मी को अपनी सफाई में मुकेश गुर्जर उर्फ मुकेशानंद ने कहा कि वो तो सिर्फ भगवान की सेवा कर रहा है।

हमारे सवालों पर मुकेश गुर्जर ने कहा-

मैं बचपन से भक्तिभाव में रहा हूं। ईश्वर में मेरी आस्था है। लोग मुझपर भरोसा करते हैं, लेकिन कुछ जलने वाले लोग मुझ पर गलत आरोप लगा रहे हैं। मैंने यहां कब्जा नहीं किया है। मैं तो बस ईश्वर की सेवा कर रहा हूं। इसके साथ ही मैं शिक्षक हूं। मैं बच्चों की पढ़ाई को लेकर कोई समझौता नहीं करता।

हमारी टीम ने जब मुकेश से अतिक्रमण करने का सवाल किया। इस पर मुकेश गुर्जर ने कहा कि उससे जलने वाले लोग उसके बारे में गलत अफवाह फैला रहे हैं। उसका कॉम्पिटिशन करने वाले बाबा लोगों को भड़का रहे हैं।

मुकेश गुर्जर ने गोचर भूमि पर एक पक्का मंदिर बना रहा है। इसे उसने सिद्धेश्वर बालाजी का नाम दिया है। इसके साथ ही दरबार लगाने के लिए उसने एक शेड बनाया है।
मुकेश गुर्जर ने गोचर भूमि पर एक पक्का मंदिर बना रहा है। इसे उसने सिद्धेश्वर बालाजी का नाम दिया है। इसके साथ ही दरबार लगाने के लिए उसने एक शेड बनाया है।

अधिकारियों से मदद मांग रहे ग्रामीण गुडलवाल-धणी के कुछ ग्रामीणों ने 27 अक्टूबर को बाली उपखंड अधिकारी दिनेश बिश्नोई को गोचर भूमि में अवैध कब्जे को लेकर ज्ञापन दिया गया। उन्होंने ग्रामीणों को कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने पटवारी हीराराम से कार्रवाई के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि अभी इस बारे में कोई आदेश नहीं मिला है। जब हमें अधिकारी से आदेश मिलेगा। तब हम आगे इस मामले को लेकर कार्रवाई करेंगे। आदेश नहीं मिलने तक हम कोई कार्रवाई नहीं करेंगे।

कथित बाबा के बारे में बाली उपखंड अधिकारी दिनेश बिश्नोई को ज्ञापन देते हुए गुडलवाल-धणी के ग्रामीण।
कथित बाबा के बारे में बाली उपखंड अधिकारी दिनेश बिश्नोई को ज्ञापन देते हुए गुडलवाल-धणी के ग्रामीण।

ग्रामीणों की शिकायत पर वन विभाग के हेड कॉन्स्टेबल नरेंद्र सिंह ने कहा- कथित बाबा ने गौचर भूमि पर कब्जा किया है। वो वन विभाग की जमीन नहीं है। इस मामले में ग्राम पंचायत के पटवारी जवाब दे सकते हैं। हालांकि, ग्रामीणों का कहना है कि यह वन विभाग की जमीन है।

ग्राम पंचायत गुडलास ग्राम विकास अधिकारी रामचंद्र यादव ने बताया, यह राजस्व भूमि है। इसको लेकर हम कोई कार्रवाई नहीं कर सकते हैं। इस पर पटवारी ही कार्रवाई करेंगे और रही बात परमिशन की तो मैंने किसी भी तरह की कोई भी परमिशन जारी नहीं की है। बिजली विभाग ने जो कनेक्शन किया है, वो बिल्कुल गलत है। हमने कोई परमिशन नहीं दी है।

धनाराम सोलंकी ब्लॉक शिक्षा अधिकारी सुमेरपुर ने बताया- हमें वेनपुरा में कार्यरत शिक्षक मुकेश कुमार के खिलाफ शिकायत मिली है। हमने एक कमेटी का गठन किया है। टीम टीचर की जांच करके रिपोर्ट सौंपेगी। उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Related Articles

Mantratoto luwakpoker aladin66 tupaiwin