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बेटा-बेटी एक समान का संदेश देने के लिए लाडो को घोड़ी पर बैठाकर निकाली बिंदोरी


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बेटा-बेटी एक समान का संदेश देने के लिए लाडो को घोड़ी पर बैठाकर निकाली बिंदोरी

बेटा-बेटी एक समान का संदेश देने के लिए लाडो को घोड़ी पर बैठाकर निकाली बिंदोरी

जनमानस शेखावाटी सवंददाता : लतीफ खान

बिसाऊ : कस्बे के वार्ड नंबर 18 निवासी स्वामी समाज जिलाध्यक्ष देवकीनंदन स्वामी ने बताया कि उनकी भतीजी पुनम स्वामी, पुत्री प्रमोद कुमार, का विवाह अमित कुमार निवासी दूधवा खारा, जिला चूरू के साथ 20 फरवरी 2026 को हिंदू रीति-रिवाज अनुसार बिसाऊ में संपन्न होगा।

विवाह से पूर्व गुरुवार शाम पुनम स्वामी की बिंदोरी घोड़ी पर बैठाकर घर से जांगिड़ भवन तक निकाली गई। बिंदोरी में परिवार के बच्चों व महिलाओं ने डीजे की धुन पर नृत्य कर खुशी जाहिर की। कार्यक्रम के दौरान पूरे क्षेत्र में उत्साह और हर्षोल्लास का माहौल रहा।

देवकीनंदन स्वामी ने कहा कि यह पहल “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” और “बेटा-बेटी एक समान” के संदेश को सशक्त रूप से समाज तक पहुंचाने का प्रयास है। बेटियों को भी बेटों के समान सम्मान देने की भावना से यह आयोजन किया गया।

समानता का प्रतीक बनी बिंदोरी

घोड़ी पर बेटी को बैठाकर बिंदोरी निकालना समाज की रूढ़िवादी सोच को बदलने की दिशा में एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है। यह परंपरागत धारणाओं को तोड़ते हुए बेटियों को बराबरी का मान-सम्मान देने का प्रतीक बन रहा है।

शेखावाटी में बढ़ रही ऐसी पहल

राजस्थान के शेखावाटी क्षेत्र सहित अन्य जिलों में भी कई परिवार अपनी बेटियों को घोड़ी या बग्घी पर बैठाकर बिंदोरी निकाल रहे हैं। यह सामाजिक बदलाव की ओर बढ़ता कदम है, जिसे समाज का व्यापक समर्थन मिल रहा है।

सामाजिक समर्थन मिल रहा

यह पहल केवल एक रस्म नहीं, बल्कि बेटी को “पराया धन” न मानकर घर की ताकत और सम्मान समझने का संदेश है। परिवार और समाज द्वारा खुले दिल से अपनाई जा रही इस सोच को क्षेत्र में सराहा जा रहा है।

बिंदोरी में परिजन, रिश्तेदार और समाज के गणमान्य लोग मौजूद रहे तथा सभी ने नववधू को आशीर्वाद देकर उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

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