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गिरावड़ी की बणी बचाने के लिए धरना:उदयपुरवाटी एसडीएम ऑफिस के सामने प्रदर्शन, देवसेना पदाधिकारियों ने दिया समर्थन


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गिरावड़ी की बणी बचाने के लिए धरना:उदयपुरवाटी एसडीएम ऑफिस के सामने प्रदर्शन, देवसेना पदाधिकारियों ने दिया समर्थन

गिरावड़ी की बणी बचाने के लिए धरना:उदयपुरवाटी एसडीएम ऑफिस के सामने प्रदर्शन, देवसेना पदाधिकारियों ने दिया समर्थन

उदयपुरवाटी : उदयपुरवाटी उपखंड कार्यालय के सामने गिरावड़ी गांव में स्थित भैरोंजी महाराज की बणी के पेड़ बचाने के लिए पिछले तीन सप्ताह से धरना प्रदर्शन जारी है। बुधवार को देवसेना के पदाधिकारी धरना स्थल पर पहुंचे और ग्रामीणों को बणी व पेड़ों को बचाने में पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।

स्कीपर पावर ग्रिड के काम के विरोध में धरना

यह धरना सीकर से खेतड़ी तक भारी बिजली लाइन बिछाने के स्कीपर पावर ग्रिड के कार्य के विरोध में हो रहा है। प्रस्तावित मार्ग गिरावड़ी में भैरोंजी महाराज की बणी से होकर गुजरता है, जिसके लिए हजारों पेड़ों को काटना पड़ेगा। ग्रामीणों का तर्क है कि इससे पर्यावरण को गंभीर नुकसान होगा और हजारों पक्षियों तथा जीव-जंतुओं का प्राकृतिक आवास नष्ट हो जाएगा।

ग्रामीणों ने मांग की है कि पावर ग्रिड कंपनी बिजली लाइन को गांव के दक्षिण दिशा से बिछाए। उनका कहना है कि इस वैकल्पिक मार्ग से कम पेड़ कटेंगे और वन्यजीवों को भी परेशानी नहीं होगी। अपनी मांगों को मनवाने के लिए ग्रामीण लंबे समय से उपखंड कार्यालय के सामने धरने पर बैठे हैं।

कलेक्टर, एसडीएम को सौंप चुके ज्ञापन

इससे पहले, ग्रामीणों ने भैरोंजी महाराज के मंदिर से झुंझुनू तक पैदल यात्रा निकाली थी और उदयपुरवाटी उपखंड अधिकारी और झुंझुनू जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपे थे। उन्होंने सद्बुद्धि यज्ञ भी किया और भैरोंजी मंदिर गिरावड़ी से उदयपुरवाटी तक मशाल जुलूस निकाला। विरोध स्वरूप जिला कलेक्टर की शवयात्रा निकालकर पुतला भी फूंका गया। ग्रामीणों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि वे किसी भी कीमत पर पेड़ों को नुकसान नहीं होने देंगे।

ये रहे मौजूद

धरने पर देवसेना के प्रदेश सचिव धर्मपाल गुर्जर केसरीपुरा, शंकर भाटी, भगत राजू गुर्जर, ताराचंद गुर्जर, विकास गुर्जर, रामजीलाल गुर्जर, मूलचंद सिराधना, रिछपाल कसाना, बजरंग गुर्जर, गुलाबचंद गुर्जर, सीताराम गुर्जर, पोकरमल, सुमेर गुर्जर डोई, जगदीश गुर्जर, महिपाल नून, बीरबल भड़ाना, राकेश चावड़ा, धूडाराम चौहान, रोहिताश गुर्जर गिरावड़ी और पंकज सैनी बागोरा सहित कई ग्रामीण मौजूद थे।

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