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लोयल गांव का खेल मैदान बदहाल, साफ-सफाई, ट्रैक और पानी जैसी सुविधाओं की मांग को लेकर युवाओं ने किया विरोध प्रदर्शन


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लोयल गांव का खेल मैदान बदहाल, साफ-सफाई, ट्रैक और पानी जैसी सुविधाओं की मांग को लेकर युवाओं ने किया विरोध प्रदर्शन

रात्रि चौपाल में कलेक्टर को लिखित शिकायत के बाद भी समाधान नहीं, खेल मैदान बदहाल होने से युवाओं को 4 किमी दूर चनाना जाकर अभ्यास करना पड़ रहा है

जनमानस शेखावाटी संवाददाता : विजेन्द्र शर्मा

खेतड़ी : खेतड़ी क्षेत्र के लोयल गांव स्थित सेठ गोपालराय हरसुखदास राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के खेल मैदान की साफ-सफाई और बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर गुरुवार को युवाओं ने विरोध प्रदर्शन किया। सामाजिक कार्यकर्ता विकास काजला के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में युवाओं ने प्रशासन और ग्राम पंचायत की उदासीनता पर नाराजगी जताई।प्रदर्शन में शामिल योगेश शर्मा, मनजीत और विकास काजला ने बताया कि यह खेल मैदान सेना सहित विभिन्न भर्ती परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, लेकिन वर्षों से इसकी अनदेखी की जा रही है। मैदान में बड़े अवरोध, पत्थर और जंगली घास उगी हुई है, जिससे दौड़ और अन्य खेल गतिविधियां करना संभव नहीं रह गया है। ट्रैक अधूरा पड़ा होने से नियमित दौड़ अभ्यास प्रभावित हो रहा है, वहीं मैदान की असमान और उबड़-खाबड़ सतह से चोट लगने का खतरा बना रहता है। इन हालात में न तो शारीरिक अभ्यास ठीक से हो पा रहा है और न ही खेल प्रतिभाओं का विकास हो रहा है।

भर्ती की तैयारी कर रहे युवाओं ने बताया कि स्थानीय खेल मैदान की खराब स्थिति के कारण उन्हें चनाना गांव के खेल मैदान तक करीब चार किलोमीटर पैदल या किराए पर जाना पड़ता है। इससे शारीरिक थकावट बढ़ती है और आर्थिक बोझ भी उठाना पड़ता है। युवाओं ने कहा कि लड़कियों के लिए यह समस्या और भी गंभीर है, जिसके कारण कई प्रतिभाएं अभ्यास से वंचित रह जाती हैं और घर तक ही सीमित हो जाती हैं।

युवाओं ने चिंता जताई कि आने वाले महीनों में विभिन्न भर्ती परीक्षाएं प्रस्तावित हैं, लेकिन उचित प्रशिक्षण वातावरण न मिलने से उनकी तैयारी प्रभावित हो रही है। निरंतर मेहनत के बावजूद सुविधाओं के अभाव में वे मानसिक दबाव में हैं और उनका मनोबल कमजोर हो रहा है।प्रदर्शनकारियों ने बताया कि ग्राम पंचायत को कई बार समस्या से अवगत कराने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। उनका आरोप है कि सरकार हर वर्ष ग्राम पंचायतों को स्वच्छता, साफ-सफाई और रखरखाव के लिए बजट उपलब्ध कराती है, लेकिन गांव में सफाई व्यवस्था नाममात्र की है और खेल मैदान पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा।युवाओं ने यह भी बताया कि हाल ही में आयोजित रात्रि चौपाल में जिला कलेक्टर को खेल मैदान की बदहाल स्थिति को लेकर लिखित में प्रार्थना पत्र दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद अब तक कोई काम शुरू नहीं हुआ। मैदान में सफाई न होने के कारण पिछले तीन वर्षों से कोई खेल प्रतियोगिता भी आयोजित नहीं हो सकी है।

विरोध प्रदर्शन के दौरान युवाओं ने खेल मैदान की तत्काल सफाई, ट्रैक निर्माण, पानी की व्यवस्था और मैट उपलब्ध कराने की मांग की। प्रदर्शन में डॉक्टर कर्मवीर, मोहित बेरवाल, विकास कुमार, अमित काजला, प्रवीण धनखड़, अनुज काजला, चिंटू कुमार, नरेश कुमार, राहुल काजला, रोहित कुमार, चेतन कुमार, राजकुमार मेघवाल, कमल राजपूत, बंटी जांगिड़, मोनू काजला, अर्पित तंवर, विकास सिंघानिया सहित बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।

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