[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

उदयपुर में पुलिस-हिरासत में ज्वेलर की मौत, श्रीमाधोपुर में विरोध:स्वर्णकार संघ ने सीएम के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन, मुआवजा और नौकरी की मांग


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
टॉप न्यूज़राजस्थानराज्यश्रीमाधोपुरसीकर

उदयपुर में पुलिस-हिरासत में ज्वेलर की मौत, श्रीमाधोपुर में विरोध:स्वर्णकार संघ ने सीएम के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन, मुआवजा और नौकरी की मांग

उदयपुर में पुलिस-हिरासत में ज्वेलर की मौत, श्रीमाधोपुर में विरोध:स्वर्णकार संघ ने सीएम के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन, मुआवजा और नौकरी की मांग

श्रीमाधोपुर : उदयपुर जिले के ऋषभदेव थाने में एक स्वर्ण व्यवसायी की पुलिस हिरासत में हुई संदिग्ध मौत के विरोध में श्रीमाधोपुर के स्वर्णकार व्यापार संघ ने गुरुवार को उपखंड अधिकारी को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मृतक व्यवसायी के परिवार को मुआवजा एवं नौकरी देने, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने और प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच की मांग की गई।

स्वर्णकार व्यापार संघ के अध्यक्ष मानसिंह सोनी के नेतृत्व में सौंपे गए ज्ञापन के अनुसार, डूंगरपुर जिले के बिछीवाड़ा निवासी स्वर्ण व्यवसायी सुरेश पंचाल को 4 अगस्त 2025 को चोरी का माल खरीदने के आरोप में ऋषभदेव थाने लाया गया था। आरोप है कि पूछताछ के दौरान पुलिस ने उन्हें इतना प्रताड़ित किया कि उनकी मृत्यु हो गई।

परिवार को एक करोड़ का मुआवजा देने की मांग

स्वर्णकार समाज ने इस घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसे पुलिस का अमानवीय और शर्मनाक कृत्य बताया। समाज का आरोप है कि पुलिस भारतीय न्याय संहिता की धारा 317(2) (पूर्व में भारतीय दंड संहिता की धारा 411) का दुरुपयोग कर स्वर्ण व्यवसायियों को शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक रूप से प्रताड़ित कर रही है।

ज्ञापन में मुख्यमंत्री से मांग की गई है कि मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए। साथ ही इस मामले की निष्पक्ष एवं उच्च स्तरीय जांच कर दोषी पुलिसकर्मियों और अधिकारियों को अविलंब गिरफ्तार किया जाए।

बोले- जब्त माल और राशि बरामद की जाए

वहीं स्वर्णकार समाज ने यह मांग भी रखी कि भविष्य में राजस्थान में किसी भी स्वर्ण व्यवसायी को इस धारा के तहत गिरफ्तार या पूछताछ करने से पहले संबंधित स्थानीय स्वर्णकार संगठन को सूचना दी जाए। साथ ही जब्त किए गए माल के साथ वसूली गई राशि को भी दिया जाए। इसके लिए गृह विभाग को विशेष दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की गई है।

इस अवसर पर मंत्री दौलतराम सोनी, कोषाध्यक्ष निरंजन सोनी, परमानंद सोनी, गिरधारी सोनी, मनीष सोनी, श्रीराम सोनी, धर्मेंद्र सोनी, राकेश सोनी, गुलाब सोनी, ललित सोनी, कमल सोनी, हेमंत सोनी, मनोज सोनी, मुरारीलाल सोनी, राजीव सोनी, फतेहचंद सोनी सहित समाज के अनेक प्रबुद्धजन उपस्थित थे।

Related Articles

Mantratoto luwakpoker aladin66 tupaiwin rupiah89 kios77 TOKO22 situs raffi ahmad situs slot gacor hari ini bt62