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सिविल राइट सोसाइटी द्वारा ‌हर घर – घर व खेत, खेजड़ी, तोरई,अभियान ‌ बीज वितरण


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सिविल राइट सोसाइटी द्वारा ‌हर घर – घर व खेत, खेजड़ी, तोरई,अभियान ‌ बीज वितरण

सिविल राइट सोसाइटी द्वारा ‌हर घर - घर व खेत, खेजड़ी, तोरई,अभियान ‌ बीज वितरण

जनमानस शेखावाटी संवाददाता : मोहम्मद अली पठान

चुरु : जिला मुख्यालय के निकटवर्ती गांधी ग्राम रामसरा में जिला सीवील राइट सोसायटी एवं हर खेत खेजड़ी तौरई अभियान के सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा वर्षा आधारित शुद्ध सब्जीयों के बीजों का वितरण घर घर किचन गार्डन लगाने के लिए निशुल्क का कार्य लगभग पूरा हो चुका है सीवील राइट सोसायटी के जिलाध्यक्ष एवं अभियान के संयोजक एडवोकेट रामेश्वर प्रजापति ने बताया कि घर घर किचन गार्डन के रूप में वर्षा आधारित बारहमासी कम पानी की सब्जी लगाने की तैयारियां शुरू हो गई है हर खेत खेजड़ी तौरई अभियान का प्रथम चरण की शुरुआत खेतों में हर खेत हर पेड़ पर बिना खाद बिना पानी सुखे में पेड़ों के निचे बिजारोपण से चल रही है गांधी ग्राम रामसरा में हर घर में बेलदार सब्जी तौरु,लोकी, भिंडी, सेमफली, गील गील तोरई,परवल, सहजन, सांगरी, लोबिया च़ंवला, ग्वार, मतीरा, आरीया काली ककड़ी आदि छाया दार जगह पेड़ों की जड़ में बिजारोपण के बाद अंकुरण, डिस्पोजल गिलास, खाली कटो में नवाचार के रूप में कर रहे हैं हर खेत खेजड़ी तौरई अभियान के प्रथम चरण का जन जागरण व वातावरण निर्माण घर घर व्यक्तिगत रूप से कार्य कर्ता सब्जीयों के बीजों का आपसी आदान-प्रदान से भी कर रहे हैं अभियान के ग्राम पंचायत संयोजक वैध गोविंद प्रसाद शर्मा ने बताया कि सब्जीयों के साथ साथ वृक्षारोपण कार्य में फलदार पौधे लगाने के नवाचार में कम पानी वाले जामुन, चीकू, आंवला, के साथ ही किचन गार्डन वाले कड़ी पत्ता, सहजन, लेहसुवा, लम्बी सांगरी की खेजड़ी लगाने में प्राथमिकता दी जा रही है । कार्यकर्ताओं द्वारा हर घर में औषधीय गिलोय, तुलसी, एलोवेरा, अपराजिता लगाने की होड़ सी मच रही है नंवाचार में अपराजिता समाज की अन्तिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के अमृत तुल्य है इसके निले फुलों की चाय बिना चिनी, बिना दुध, बिना चाय के निरोग और स्वादिष्ट बनाने में उपयोगी होती है इस बेलदार ओषधिय पौधे को गमले,कट्टे में भी मिट्टी भर कर लगाया जा रहा है उन्होंने बताया कि सहजन की उपयोगिता की जानकारी होने पर ग्रामीणों द्वारा इस वर्ष अधिकाधिक बिजों को थेपडियों में थपवा कर सार्वजनिक भुमि में छोटे टुकड़े फिंकवा कर अधिकाधिक पौधे लगाने का नवाचार किया है इस तरह बिन पानी बिन खाद उम्दा स्वाद,पहला सुख निरोगी काया के साथ ही घरेलू बचत के लिए अभियान की सार्थकता सिद्ध हो रही है।

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