लॉरेंस गैंग के हथियार बेचने निकला सीकर का पेंटर गिरफ्तार, झारखंड में हत्या के बदले 50 लाख का मिला था प्रस्ताव
लॉरेंस गैंग के हथियार बेचने निकला सीकर का पेंटर गिरफ्तार, झारखंड में हत्या के बदले 50 लाख का मिला था प्रस्ताव
जनमानस शेखावाटी सवांददाता : नैना शेखावत
सीकर : लॉरेंस गैंग से जुड़े मामले में गिरफ्तार सीकर के पेंटर महेश नायक उर्फ मोंटी (21) ने पुलिस पूछताछ में कई खुलासे किए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी को झारखंड में एक सटोरिए की हत्या करने के बदले 50 लाख रुपए देने का प्रस्ताव मिला था। वह हत्या के इरादे से झारखंड भी पहुंचा, लेकिन वारदात को अंजाम देने से पहले गिरफ्तारी के डर से वापस सीकर लौट आया। इसके बाद वह हत्या के लिए मिले हथियार बेचकर पैसे कमाने की तैयारी कर रहा था। इसी दौरान कोतवाली पुलिस और जिला विशेष टीम ने 16 अक्टूबर को उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी महेश नायक सीकर में रंग-रोगन का काम करता है। उसके कब्जे से दो आधुनिक पिस्तौल, चार मैगजीन और 15 कारतूस बरामद किए गए हैं। फिलहाल आरोपी पुलिस रिमांड पर है और उससे पूछताछ की जा रही है।
गोलगप्पे का ठेला लगाने वाले विवेक ने करवाई थी मुलाकात
पूछताछ में महेश ने बताया कि करीब चार-पांच साल पहले सीकर के नवलगढ़ रोड पर गोलगप्पे का ठेला लगाने वाले विवेक से उसकी मुलाकात हुई थी। बाद में विवेक उसे दिल्ली ले गया, जहां उसकी मुलाकात लॉरेंस गैंग से जुड़े प्रशांत नाम के व्यक्ति से करवाई गई। दिल्ली में कुछ समय नमकीन की फैक्ट्री में काम करने के बाद महेश कैटरिंग के काम से भी जुड़ा रहा।
पुलिस के मुताबिक, वर्ष 2023 में प्रशांत और उसके साथियों ने दिल्ली में अरविंद केजरीवाल के घर के पास रहने वाले एक व्यक्ति की हत्या की योजना बनाई थी। हालांकि, वारदात से पहले ही पुलिस ने आरोपियों को पकड़ लिया था। उस समय महेश नाबालिग था।

इंटरनेट माध्यमों से संपर्क में रहने का दावा
महेश ने पुलिस को बताया कि दिल्ली में आरोपियों की पेशी के दौरान वह उनसे मिलने गया था। इसी दौरान उसे फेसबुक पर राहुल मीणा का समूह जुड़ने के लिए कहा गया। बाद में उसे सिग्नल और जंगी नाम के मोबाइल अनुप्रयोग डाउनलोड करवाए गए। इनके माध्यम से वह गैंग के लोगों के संपर्क में रहने लगा।
झारखंड पहुंचा, लेकिन हत्या किए बिना लौट आया
पुलिस के अनुसार, अगस्त 2026 में महेश को झारखंड में एक सटोरिए की हत्या करने के बदले 50 लाख रुपए देने का प्रस्ताव दिया गया। गैंग के लोगों के कहने पर वह सीकर से झारखंड पहुंचा। आरोपी के बयान के मुताबिक, वहां 3 अक्टूबर को उसे हथियार दिए गए और वह कथित तौर पर वारदात के लिए निर्देश मिलने का इंतजार करने लगा।
लोकेशन नहीं मिलने और पकड़े जाने के डर से उसने मोबाइल से संपर्क के लिए इस्तेमाल किए जा रहे अनुप्रयोग हटा दिए और फोन बंद कर सीकर लौट आया।
हथियार बेचने की कोशिश के दौरान गिरफ्तारी
सीकर लौटने के बाद महेश ने कथित तौर पर हत्या के लिए मिले हथियार बेचकर पैसे कमाने की योजना बनाई। इसी दौरान 16 अक्टूबर को कोतवाली पुलिस और जिला विशेष टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब आरोपी से हथियारों के स्रोत, गैंग से जुड़े अन्य लोगों और पूरे नेटवर्क के बारे में पूछताछ कर रही है।
देश
विदेश
प्रदेश
संपादकीय
वीडियो
आर्टिकल
व्यंजन
स्वास्थ्य
बॉलीवुड
G.K
खेल
बिजनेस
गैजेट्स
पर्यटन
राजनीति
मौसम
ऑटो-वर्ल्ड
करियर/शिक्षा
लाइफस्टाइल
धर्म/ज्योतिष
सरकारी योजना
फेक न्यूज एक्सपोज़
मनोरंजन
क्राइम
चुनाव
ट्रेंडिंग
Covid-19






Total views : 2462455

