[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

जसरापुर बस स्टैंड पर 20 दिन से खुला पड़ा गड्ढा:जल जीवन मिशन की पाइपलाइन डालते समय सीवरेज लाइन टूटी, ग्रामीणों ने किया विरोध प्रदर्शन


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
खेतड़ीझुंझुनूंटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

जसरापुर बस स्टैंड पर 20 दिन से खुला पड़ा गड्ढा:जल जीवन मिशन की पाइपलाइन डालते समय सीवरेज लाइन टूटी, ग्रामीणों ने किया विरोध प्रदर्शन

जसरापुर बस स्टैंड पर 20 दिन से खुला पड़ा गड्ढा:जल जीवन मिशन की पाइपलाइन डालते समय सीवरेज लाइन टूटी, ग्रामीणों ने किया विरोध प्रदर्शन

जनमानस शेखावाटी सवंददाता : विजेन्द्र शर्मा

खेतड़ी : उपखंड क्षेत्र के जसरापुर गांव के मुख्य बस स्टैंड के पास एमडीआर-93 सड़क पर जल जीवन मिशन की पाइपलाइन बिछाने के दौरान लापरवाही सामने आई है। पाइपलाइन डालते समय सीवरेज लाइन टूट गई और बड़ा गड्ढा खोदकर छोड़ दिया गया। यह गड्ढा पिछले 20 दिनों से खुला पड़ा है, जिससे स्थानीय ग्रामीणों में नाराजगी है।

ग्रामीण विक्रम सिराधना ने बताया कि जल जीवन मिशन के कर्मचारियों ने नियमों का पालन नहीं किया। सीवरेज लाइन टूटने के कारण गंदा पानी आसपास फैल रहा है। सड़क किनारे खुला यह गहरा गड्ढा किसी भी समय दुर्घटना का कारण बन सकता है। एमडीआर-93 एक व्यस्त सड़क है और मुख्य बस स्टैंड पर दिनभर सैकड़ों वाहनों की आवाजाही रहती है, जिससे यह स्थान जोखिम भरा हो गया है।ग्रामीणों ने बताया कि मुख्य बस स्टैंड पर लगातार भीड़ रहती है, जिससे गड्ढे के कारण दिनभर जाम की स्थिति बनी रहती है। स्कूलों की छुट्टी के समय यह समस्या और बढ़ जाती है। छोटे बच्चों के सड़क पार करते समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है, जिससे ग्रामीण किसी बड़े हादसे की आशंका जता रहे हैं।

ग्रामीणों ने बताया कि पाइपलाइन बिछाए 20 दिन से अधिक समय हो गया है, लेकिन विभागीय अधिकारियों ने न तो गड्ढा भरा है और न ही टूटी हुई सीवरेज लाइन की मरम्मत की है। शनिवार को एक निराश्रित पशु भी इस गड्ढे में गिर गया था, जिसे ग्रामीणों ने काफी प्रयास के बाद बाहर निकाला। यह घटना इस स्थान पर बढ़ते खतरे को दर्शाती है।

रविवार को ग्रामीणों ने मौके पर विरोध प्रदर्शन किया और जल जीवन मिशन के अधिकारियों के प्रति अपनी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि गड्ढा तुरंत नहीं भरा गया और सीवरेज लाइन की मरम्मत नहीं की गई, तो वे एक बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे। इसकी पूरी जिम्मेदारी विभागीय अधिकारियों की होगी।

विरोध प्रदर्शन में विक्रम सिंह सिराधना, सतपाल छावड़ी, राजेश जलन्द्रा, धर्मपाल शर्मा, प्रदीप सिंह निर्वाण, प्रवीण शर्मा, श्यामलाल कुमावत, नीरज सेन, राकेश शर्मा, परमेश्वर चनेजा, लाला कुमावत, शहजाद अली, प्रभु दयाल कुमावत, प्रमोद भाड़ोरिया सहित कई ग्रामीण शामिल थे।

इस प्रदर्शन में विक्रम सिंह सिराधना, सतपाल छावड़ी, राजेश जलन्द्रा, धर्मपाल शर्मा, प्रदीप सिंह निर्वाण, प्रवीण शर्मा, श्यामलाल कुमावत, नीरज सेन, राकेश शर्मा, परमेश्वर चनेजा, लाला कुमावत, शहजाद अली, प्रभु दयाल कुमावत, प्रमोद भाड़ोरिया सहित कई ग्रामीण शामिल थे।

Related Articles