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श्री गोपीनाथ मंदिर में फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र विवाद:पुजारी संघ का विरोध तेज, तीसरे दिन भी धरना जारी, कार्रवाई की मांग


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श्री गोपीनाथ मंदिर में फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र विवाद:पुजारी संघ का विरोध तेज, तीसरे दिन भी धरना जारी, कार्रवाई की मांग

श्री गोपीनाथ मंदिर में फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र विवाद:पुजारी संघ का विरोध तेज, तीसरे दिन भी धरना जारी, कार्रवाई की मांग

रानौली : शिश्यु कस्बे के श्री गोपीनाथ मंदिर में फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र जारी करने का मामला गरमा गया है। इस प्रकरण को लेकर पुजारी संघ और ग्रामीणों का विरोध लगातार तीसरे दिन भी जारी रहा। शुक्रवार को पुजारियों और ग्रामीणों ने पलसाना नायब तहसीलदार रामनिवास बोचलिया को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।

श्री गोपीनाथ मंदिर में फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र जारी करने को लेकर धरना जारी है।
श्री गोपीनाथ मंदिर में फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र जारी करने को लेकर धरना जारी है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि भीम जोशी ने ग्राम पंचायत सरपंच से लिखवाकर ग्राम पंचायत के लेटरपैड पर मंदिर का फर्जी पुजारी प्रमाण पत्र तैयार करवाया। जबकि मंदिर में सालों से वास्तविक पुजारी परिवार ही पूजा-अर्चना और सेवा कार्य करता आ रहा है। पुजारी राजकुमार जोशी ने बताया कि भीम जोशी ने सरपंच से प्राप्त पत्र को आधार बनाकर देवस्थान विभाग से खुद को मंदिर का पुजारी प्रमाणित करवा लिया। इसके बाद वह देवस्थान विभाग से मंदिर का भोग-प्रसाद भी अपने नाम से उठा रहा है। पुजारियों का कहना है कि यह कार्य पूर्णतः फर्जीवाड़ा है।

पुजारियों ने यह भी आरोप लगाया कि भीम जोशी मंदिर की बही-खाता, नकदी और आभूषण आदि भी अपने पास ले जा चुका है, जिससे मंदिर की संपत्ति के दुरुपयोग की आशंका बढ़ गई है। राजकुमार जोशी ने बताया कि कुछ दिन पहले वे रानोली थाने में भीम जोशी के खिलाफ फर्जी प्रमाण पत्र का मामला दर्ज करवाने गए थे। हालांकि थाना अधिकारी राजेश कुमार बुडानिया ने यह कहते हुए रिपोर्ट लेने से इनकार कर दिया कि “मामला पहले से ही प्रक्रियाधीन है।”

पुजारी संघ का धरना जारी रहेगा

पुजारी संघ ने चेतावनी दी है कि जब तक इस मामले की निष्पक्ष जांच नहीं की जाती और दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका धरना जारी रहेगा। ज्ञापन में ग्रामीणों ने मांग की है कि जांच एडीएम सीकर, तहसीलदार दांतारामगढ़ और पुलिस प्रशासन की संयुक्त टीम से करवाई जाए।

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