[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

राखी बांधकर हेलमेट पहनाया, वाहन चालकों से लिया सुरक्षा का संकल्प


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
झुंझुनूंटॉप न्यूज़राजस्थानराज्य

राखी बांधकर हेलमेट पहनाया, वाहन चालकों से लिया सुरक्षा का संकल्प

स्त्री शक्ति महिला संस्थान की अनूठी पहल, नौ दिवसीय अभियान में महिला सुरक्षा से लेकर बालिका शिक्षा तक के कार्यक्रम

झुंझुनूं : नवरात्र के अवसर पर स्त्री शक्ति महिला संस्थान ने डांडिया महोत्सव के स्थान पर नौ दिवसीय सामाजिक जागरूकता अभियान शुरू किया है। अभियान के तहत महिला सुरक्षा, कन्या सशक्तीकरण, स्वास्थ्य जागरूकता और सड़क सुरक्षा से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में पीरूसिंह सर्किल पर हेलमेट वितरण कार्यक्रम हुआ, जहां महिलाओं ने बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चला रहे लोगों को राखी बांधकर हेलमेट पहनाया और आगे से बिना हेलमेट वाहन नहीं चलाने का संकल्प दिलाया।

कार्यक्रम में शहर कोतवाल श्रवण मील मौजूद रहे। संस्थान की महिलाओं ने वाहन चालकों को समझाया कि हेलमेट केवल यातायात नियमों के पालन के लिए नहीं, बल्कि जीवन की सुरक्षा के लिए जरूरी है। परिवार की खातिर हर वाहन चालक को सुरक्षित घर लौटने की जिम्मेदारी समझनी चाहिए। राखी के माध्यम से महिलाओं ने भाइयों से अपनी सुरक्षा का वचन लिया और यातायात नियमों का पालन करने का संदेश दिया।

इस मौके पर ललित राठौड़, रविता झाझड़िया, शाहीन खान, सुमन मील, मंजू कुमावत, सुलक्षणा राठौड़, सरोज बड़ाऊ, सुनीता चौधरी, ज्योति मांजू, अंजू शर्मा, शशि नूनियां और शशि मारोलिया मौजूद रहीं।

पोस्टर और नारा लेखन प्रतियोगिता से दिया नारी शक्ति का संदेश

अभियान के तहत 14 अक्टूबर को राजकीय कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में पोस्टर निर्माण और नारा लेखन प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। पोस्टर निर्माण का विषय ‘नारी-शक्ति का प्रतीक’ और नारा लेखन का विषय ‘जगत जननी’ रखा गया। बालिकाओं ने रचनात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से नारी शक्ति, सम्मान और महिला सशक्तीकरण का संदेश दिया। संस्थान की ओर से विजेता बालिकाओं को स्कूल बैग और अन्य प्रतिभागियों को खाने के डिब्बे दिए गए। विद्यालय की ओर से कल्पना, अंजना आबूसरिया और मनोज मौजूद रहे।

बालिका की शिक्षा की जिम्मेदारी उठाई

15 अक्टूबर को मोरोलिया मेंशन में संस्थान ने एक बालिका को शैक्षणिक रूप से गोद लेकर उसकी पढ़ाई की जिम्मेदारी उठाने का संकल्प लिया। संस्थान की ओर से बालिका के आत्मनिर्भर होने तक उसकी शिक्षा में सहयोग किया जाएगा, ताकि आर्थिक या अन्य कठिनाइयों के कारण उसकी पढ़ाई बाधित न हो और वह अपने सपनों को पूरा कर सके।

आत्मरक्षा प्रशिक्षण में सिखाए सुरक्षा के गुर

16 अक्टूबर को मधुर ढूकिया और महिमा ढूकिया द्वारा संचालित राजस्थान शिक्षण संस्थान में बालिकाओं के लिए आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षक संगीता योगी ने नियमित व्यायाम का महत्व बताते हुए आत्मरक्षा के तरीके सिखाए। साथ ही खेल और योग के क्षेत्र में रोजगार की संभावनाओं की जानकारी दी।

स्त्री शक्ति की टीम ने बालिकाओं को फल वितरित किए। डॉ. शशि मारोलिया ने कहा कि आत्मविश्वास महिला की सबसे बड़ी ताकत है। ललिता राठौर ने बालिकाओं को किसी भी असहज परिस्थिति में घबराने के बजाय हिम्मत और सूझबूझ से काम लेने तथा किसी परेशानी की स्थिति में अभिभावकों से बात साझा करने की सलाह दी।

Related Articles

Mantratoto luwakpoker aladin66 tupaiwin