[pj-news-ticker post_cat="breaking-news"]

बिसाऊ की प्राचीन मूक रामलीला में लंका दहन का मंचन, जय श्रीराम के जयकारों से गूंजा पंडाल


निष्पक्ष निर्भीक निरंतर
  • Download App from
  • google-playstore
  • apple-playstore
  • jm-qr-code
X
झुंझुनूंटॉप न्यूज़बिसाऊराजस्थानराज्य

बिसाऊ की प्राचीन मूक रामलीला में लंका दहन का मंचन, जय श्रीराम के जयकारों से गूंजा पंडाल

बिसाऊ की प्राचीन मूक रामलीला में लंका दहन का मंचन, जय श्रीराम के जयकारों से गूंजा पंडाल

जनमानस शेखावाटी सवांददाता : लतीफ खान

बिसाऊ : बिसाऊ की ऐतिहासिक एवं प्राचीन मूक रामलीला में लंका दहन की लीला का शानदार मंचन किया गया। हनुमानजी के पराक्रम, साहस और भगवान श्रीराम के प्रति अटूट भक्ति के प्रसंग ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया। लीला के दौरान जय श्रीराम के जयकारों से रामलीला स्थल गूंज उठा।

मंचन के दौरान दिखाया गया कि माता सीता की खोज में समुद्र पार कर लंका पहुंचे हनुमानजी अशोक वाटिका में उनसे मुलाकात करते हैं। इसके बाद वे अशोक वाटिका में उत्पात मचाते हैं। इसकी सूचना मिलने पर रावण क्रोधित हो जाता है और हनुमानजी को पकड़कर दरबार में लाने का आदेश देता है।

रावण हनुमानजी को साधारण वानर समझकर उनका अपमान करता है और उनकी पूंछ में आग लगाने का आदेश देता है। राक्षसों द्वारा पूंछ में आग लगाए जाने के बाद हनुमानजी उसी जलती पूंछ से लंका में आग लगा देते हैं। देखते ही देखते स्वर्णमयी लंका जलने लगती है। इस दृश्य पर दर्शकों ने उत्साह के साथ जयकारे लगाए।

लंका दहन की लीला ने संदेश दिया कि अहंकार, अन्याय और अधर्म का अंत निश्चित है तथा साहस, सच्ची भक्ति और धर्म की सदैव विजय होती है।

Related Articles

Mantratoto luwakpoker aladin66